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ट्रक से भिड़ी पुलिस जिप्सी, देर रात अस्पताल में ड्रामा

Tue, 29 Dec 2015 12:07 AM IST
फतेहाबाद/ अमर उजाला, ब्यूरो
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स्थानीय लाल बत्ती चौक पर रविवार देर रात एक ट्रक और पुलिस जिप्सी की भयंकर भिड़ंत हो गई। इस हादसे में पुलिस जिप्सी में सवार तीन पुलिसकर्मी घायल हो गए। घायलों को आसपास के लोगों ने गाड़ी से निकाल कर उपचार के लिए सामान्य अस्पताल पहुंचाया।

हादसे की सूचना मिलते ही एएसपी गंगाराम और डीएसपी विजय जाखड़ भी घायलों का हाल जानने सामान्य अस्पताल पहुंचे। देर रात ही तीनों पुलिसकर्मियों को अग्रोहा रेफर कर दिया गया।
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 दूसरी ओर अस्पताल पहुंचे ट्रक संचालक द्वारा घायल पुलिसकर्मियों पर नशे में गाड़ी चलाने का आरोप लगाने से देर रात ही अस्पताल परिसर में हाई वोल्टेज ड्रामा शुरू हो गया।

इस बीच ट्रक संचालक की बहस से गुस्साए डीएसपी विजय जाखड़ ने मुलाजिमों को बोल कर उसे रात को ही हवालात में डलवा दिया। सुबह उक्त व्यक्ति सोनू के खिलाफ अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने का मामला भी दर्ज करा दिया गया।

हालांकि ट्रक संचालक के पक्ष में यूनियन के कई लोगों के आने के चलते मजबूरन पुलिस अधिकारियों को घायल मुलाजिमों की एलकोहल जांच करानी पड़ी।

सूत्रों के मुताबिक रविवार देर रात को शहर थाने में पुलिस के पास सूचना आई कि कि राम सेवा समिति धर्मशाला के पास से बोलेरो गाड़ी चोरी हो गई है और चोर भट्टू रोड की तरफ भागे हैं।

पुलिस जिप्सी में ड्यूटी पर तैनात पुलिस कर्मी ईएचसी सतनाम, एचसी नरेंद्र व ड्राइवर दयाराम भट्टू रोड की तरफ निकल पड़े। बताया गया है कि इस दौरान ही लालबत्ती चौक पर गाड़ी पहुंचते ही कैथल की तरफ से आ रहे ट्रक ने पीसीआर को टक्कर मार दी।

 टक्कर इतनी तेज थी कि पीसीआर चौक में ही घूमती हुई दूसरी साइड चली गई और बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई।  
मेडिकल को लेकर बिगड़ी बात:
लाल बत्ती चौक पर हुए हादसे के बाद ट्रक के मालिक भी अस्पताल में पहुंच गए। डीएसपी विजय जाखड़ के एमरजेंसी से बाहर निकलते ही ट्रक के मालिक व साथ आए लोगों ने पुलिस कर्मियों के मेडिकल की मांग की।

मौके पर खड़े ट्रक मालिक गुरुनानक पुरा निवासी सोनू ने डीएसपी विजय जाखड़ को जोर देकर कहा कि पुलिस कर्मियों का मेडिकल कराया जाए। इस दौरान सोनू ने भी माना कि उसने घर बैठकर शराब पी हुई थी। गाड़ी के एक्सीडेंट की बात सुनकर वह अस्पताल में पहुंचा है।

सोनू की बहस से झल्लाए डीएसपी ने मौके पर खड़े पुलिस कर्मियों को सोनू को अरेस्ट करने के आदेश दे दिए। हालांकि बवाल बढ़ता देख पुलिस अधिकारियों को घायल तीनों पुलिस कर्मियों के सैंपल भी एलकोहल जांच के लिए भेजने पड़े।

पुलिस कर्मियों की मेडिकल जांच को लेकर एसपी और डाक्टर के बयानों में विरोधाभास
हालांकि लोगों के दबाव के चलते रविवार रात पुलिसकर्मियों का मेडिकल सैंपल तो ले लिया गया लेकिन रिपोर्ट को लेकर अब सवाल उठने शुरू हो गए हैं।

सोमवार सुबह पत्रकारों से बातचीत में एसपी ने दावा किया कि पुलिसकर्मियों की रिपोर्ट आ गई है और रिपोर्ट नार्मल आई है। वहीं दूसरी ओर सरकारी अस्पताल के चिकित्सक गौरव सैनी की मानें तो उन्होंने सोमवार सुबह ही सैंपल एफएसएल टीम को दे दिया था।

उनके अनुसार इस सैंपल की रिपोर्ट आने में कम से कम 10 से 15 दिन लगते हैं। ऐसे में सवाल ये उठता है कि आखिर एसपी ने पत्रकारवार्ता में पुलिसकर्मियों की रिपोर्ट को नॉर्मल कैसे बता दिया।
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मैंने मौके पर एएसपी व डीएसपी को भेजा था। पुलिस कर्मियों पर नशे के आरोप लग रहे थे तो डाक्टर ने मेडिकल किया। जिसमें रिपोर्ट नार्मल है।
       ओ.पी. नरवाल, पुलिस अधीक्षक फतेहाबाद

रात को तीन पुलिसकर्मी जो कि हादसे में घायल हो गए थे उन्हें अस्पताल में लाया गया था। मामले में एमएलआर काटी गई तथा उसके बाद एलकोहल जांच के लिए ब्लड सैंपल लिए गए। जिसे जांच के लिए एफएसएल में भेजा गया है। रिपोर्ट आने में 10 से 12 दिन लगेंगे।
डा. गौरव सैनी, चिकित्सक, सामान्य अस्पताल ।

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