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ीएम घोषणा : फतेहाबाद के हिस्से आई अनाजमंडी-बस स्टैंड और भूना को मिला सरकारी कालेज

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अमर उजाला ब्यूरो
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फतेहाबाद।
मौजूदा बीजेपी सरकार के समय में हुई सीएम घोषणाओं के तहत बड़ी घोषणाओं पर भले काम शुरू ना हो सका हो, लेकिन पूर्व की सरकारों के समय हुई घोषणाओं को सिरे चढ़ाने का श्रेय जरूर मौजूदा खट्टर सरकार को जाता है। पूर्व की सरकारों द्वारा की गई कई घोषणाओं को सीएम मनोहर लाल के समय ही पूरा किया गया और जनता को समर्पित किया गया। फतेहाबाद हलके की बात की जाए तो फतेहाबाद के सिरसा रोड पर बनाई गई नई अतिरिक्त अनाजमंडी और हिसार रोड पर निर्माणाधीन बस स्टैंड प्रमुख हैं। इसी तरह फतेहाबाद हलके के तहत पड़ने वाले भूना में भी सरकारी कॉलेज का निर्माण बीजेपी सरकार के दौरान ही हुआ है। हालांकि फतेहाबाद हलके के अंदर आने वाले दूसरे बड़े कस्बे भट्टू के हाथ जरूर इस मामले में अभी तक खाली रहे हैं।
नई अतिरिक्त अनाजमंडी का हुआ शुभारंभ, अब फसल की आवक जारी
सिरसा रोड पर 100 करोड़ की लागत से बनी नई अतिरिक्त अनाजमंडी का ऐलान पूर्व की कांग्रेस सरकार ने किया था लेकिन निर्माण बहुत धीमा था। लेकिन मौजूदा बीजेपी सरकार के कार्यकाल में इस मंडी का निर्माण काफी तेजी से हुआ और सरकार ने दो साल से पहले-पहले इस अतिरिक्त अनाजमंडी का निर्माण पूरा करवाकर इसे शुरू भी करवा दिया। पिछले साल से इस अतिरिक्त अनाजमंडी में फसल की आवक भती होती है। पुरानी अनाजमंडी में फसल की अधिकता आदि के समय अब प्रशासन इस नई अतिरिक्त अनाजमंडी का ही इस्तेमाल करता है।
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नये बस स्टैंड का निर्माण भी बीजेपी सरकार ने ही करवाया शुरू
हिसार रोड पर नए बस स्टैंड की बाट जोहते शहर की जनता को कई साल बीत गए, लेकिन फतेहाबाद का बस स्टैंड कागजों में ही उलझा रहा। लेकिन मौजूदा बीजेपी सरकार के आते ही इस काम में भी तेजी आई। हुडा के साथ चल रहे विवाद को रोडवेज विभाग ने बहुत तेजी से निपटाया और लैंड ट्रांसफर होते ही पीडब्ल्यूडी ने इस पर काम भी शुरू कर दिया है। हालांकि टेंडर के अनुसार बस स्टैंड का काम 2019 में जाकर पूरा होगा, लेकिन अधिकारियों की मानें तो काम की स्पीड देखकर लगता है कि 2018 के आखिर तक काम लगभग पूरा हो जाएगा।
भूना में सरकारी कॉलेज की भी बीजेपी सरकार की देन
भूना में सरकारी कॉलेज की स्थापना का श्रेय भी सही मायनों में बीजेपी सरकार की ही देन है। इसके लिए भाजपा प्रदेशाध्यक्ष सुभाष बराला के प्रयासों को भी नकारा नहीं जा सकता। उन्होंने चंडीगढ़ तक इसके लिए लगातार फॉलोअप लिया और आखिरकार सरकार ने भूना को सरकारी कॉलेज का तोहफा दे ही दिया।

विपक्ष के तीखे तीर, सत्ता पक्ष का भी पलटवार
'फतेहाबाद हलके को सरकार ने पूरी तरह नजरअंदाज कर दिया है। इतना ही नहीं, हलके से लगातार विकास में भेदभाव हो रहा है। अगर ऐसा ना होता तो सूरेवाला चौक तक बन चुका फोरलेन फतेहाबाद तक लाने में क्या दिक्कत थी। इसके अलावा आजतक फतेहाबाद शहर में सरकारी कॉलेज की मांग को सरकार पूरा नहीं कर रही। कचरा प्रबंधन, अस्पताल की बिल्डिंग आदि भी अधूरी हैं।’
-बलवान सिंह दौलतपुरिया, इनेलो विधायक, फतेहाबाद

'सरकार की नीयत में खोट है। अगर ऐसा ना होता तो फतेहाबाद शहर विकास के मार्ग पर अग्रसर होता। सरकार अभी तक सड़कों की हालत नहीं सुधार सकी। इसके अलावा सीएम घोषणाओं का भी कोई अता-पता नहीं। फतेहाबाद के साथ लगातार भेदभाव हो रहा है।’
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-प्रहलाद सिंह गिल्लाखेड़ा, पूर्व मुख्य संसदीय सचिव, फतेहाबाद।

'करोड़ों रुपये की योजनाएं हाथोंहाथ पूरी नहीं होती। इन्हें सही ढंग से पूरा करने के लिए पर्याप्त समय लगता है। मुख्यमंत्री मनोहर लाल व भाजपा प्रदेशाध्यक्ष सुभाष बराला फतेहाबाद जिले के सर्वांगीण विकास के लिए पूरी तरह गंभीर हैं और इसके लिए निरंतर प्रयास कर रहे हैं। सीएम मनोहर लाल सिर्फ घोषणा करने वाले सीएम नहीं हैं, वो उन्हीं योजनाओं का ऐलान करते हैं, जिनके बारे में वो खुद पूरा करने के लिए आश्वस्त होते हैं।’
-वेद फुलां, भाजपा जिलाध्यक्ष, फतेहाबाद।
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