अमर उजाला ब्यूरो
फतेहाबाद।
भारतीय जनता पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष एवं टोहाना के विधायक सुभाष बराला के हस्तक्षेप के बाद भारतीय जूनियर मुक्केबाजी टीम का जर्मनी में होने वाली अंतर्राष्ट्रीय मुक्केबाजी प्रतियोगिता में हिस्सा लेने का रास्ता साफ हो गया है। इस संबंध में सुभाष बराला ने विदेश मंत्री सुषमा स्वराज को पत्र लिखकर पूरी स्थिति से अवगत कराया था। इसके बाद भारतीय विदेश मंत्रालय ने जर्मन दूतावास से संपर्क कर भारतीय खिलाड़ियों के लिए समय पर वीजा उपलब्ध कराने की मांग की थी। अब जर्मन दूतावास ने 18 सदसीय भारतीय मुक्केबाजी के इस दल को वीजा प्रदान कर दिया है। 18 सदसीय यह दल 15 से 17 दिसंबर तक जर्मनी के श्रवरीन में जूनियर अंडर-17 तथा यूथ अंडर-19 के लिए होने वाले पांचवें अंतर्राष्ट्रीय स्वेन लैंग मेमोरियल टूर्नामेंट में हिस्सा लेने के लिए 13 दिसंबर को रवाना होगा। 18 सदसीय इस दल में 13 बाक्सर, 3 कोच व 2 स्पोर्ट स्टाफ शामिल है।
इस दल में आधा दर्जन से ज्यादा से खिलाड़ी हरियाणा से संबंध रखते हैं। इससे पहले जर्मन दूतावास ने इन खिलाड़ियों को यह कहते हुए वीजा देने में असमर्थता जताई थी कि वे 18 दिसंबर से पहले वीजा नहीं दे सकते, लेकिन तब तक यह टूर्नामेंट ही समाप्त हो जाता। यदि ऐसा होता तो न केवल हरियाणा बल्कि भारत के कई खिलाड़ी प्रतियोगिता में शामिल ही नहीं हो पाते। अब जब इन खिलाड़ियों का वीजा लग गया है तो उम्मीद की जा रही है कि ये खिलाड़ी पदक जीतकर देश व प्रदेश का नाम रोशन करेंगे। भाजपा प्रदेशाध्यक्ष सुभाष बराला ने सभी खिलाड़ियों को बेहतर प्रदर्शन के लिए अपनी शुभकामनाएं दी हैं।