फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

विजिलेंस जांच में जिप उपाध्यक्ष कमला भुक्कर के खिलाफ मिले घूस लेने के सबूत, लटकी गिरफ्तारी की तलवार

विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

फतेहाबाद। अविश्वास प्रस्ताव में मदद के बदले घूसकांड में फंसे जिला परिषद सदस्य सुरजीत ओड व मंदीप कौर गिल के बाद अब इस पचड़े में जिला परिषद उपाध्यक्ष कमला भुक्कर भी फंसती दिख रही हैं। विजिलेंस जांच में कमला भुक्कर का नाम सामने आ गया है। जांच अधिकारी एवं विजिलेंस डीएसपी सुभाष चंद्र ने मंगलवार शाम फतेहाबाद के कोर्ट रूम के बाहर पत्रकारों से बातचीत में यह जानकारी दी।
डीएसपी सुभाष चंद्र ने कहा कि फिलहाल तक की जांच में ये बात निकलकर सामने आई है कि जिला परिषद उपाध्यक्ष कमला भुक्कर ने वोट के बदले पैसों की डिमांड रखी थी और इस बारे में उनसे पूछताछ भी की जाएगी। इतना ही नहीं, इस मामले में गिरफ्तार किए गए बाकी दोनों जिला परिषद सदस्यों सुरजीत ओड, मंदीप कौर गिल व अन्य सह आरोपियों ने भी अपने बयानों में ये खुलासा किया है कि कमला भुक्कर ने भी पैसों की डिमांड रखी थी और उसके नाम के पैसे भी हिसार में मंगलवार को दिए जाने थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

जब डीएसपी सुभाष चंद्र से ये पूछा गया कि पूछताछ करने के लिए क्या जिप उपाध्यक्ष कमला भुक्कर को गिरफ्तार किया जाएगा, तो इस सवाल पर उनका सीधा जवाब था कि अगर जरूरत पड़ी तो उन्हें गिरफ्तार भी किया जा सकता है। इस मामले में अभी जांच और जारी है और इसके बाद अगर उनकी गिरफ्तारी की जरूरत पड़ी तो वो भी जरूर की जाएगी। उन्होंने एक सवाल के जवाब में बताया कि इस मामले में कुछ और पार्षदों का भी लेन-देन हो सकता है, लेकिन जब तक जांच में पर्याप्त सबूत नहीं मिलते, तब तक इस बारे में ज्यादा नहीं बताया जा सकता। उन्होंने बताया कि फिलहाल जांच में ये बात निकलकर सामने आई है कि इस डील में कमला भुक्कर के नाम 15 लाख की डिमांड की गई है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें