अमर उजाला ब्यूरो
भूना।
गंाव ढाणी भोजराज में विवादित गली में पानी निकासी मामले को लेकर एसडीएम टोहाना की अदालत ने ग्राम पंचायत को उसका मालिकाना अधिकार दे दिया है। अदालत ने खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी भूना को आदेश देकर पानी निकासी में रोड़ा अटकाने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने व निकासी व्यवस्था बहाल करने के आदेश दिए हैं। जिसके बाद बीडीपीओ भूना ने चार लोगों को नोटिस जारी करके एक सप्ताह के अंदर कब्जा हटाने के दिशा-निर्देश दिए हैं। इनमें राजेंद्र सिंह पुत्र रणजीत सिंह, कली राम पुत्र हेमराज, सुरजीत पुत्र पतराम, मोहम्मद सदीक पुत्र अलीशेर गांव ढाणी भोजराज शामिल हैं। नोटिस देने के बाद उपरोक्त पक्ष में हडकंप मच गया है क्योंकि इससे पूर्व उपरोक्त लोग गली का पानी अपने घर के आगे प्लाट से गुजरने पर रोके हुए थे। जिसको लेकर मामला एसडीएम अदालत में चला गया था। एसडीएम ने फैसला देने के बाद निकासी व्यवस्था से बदहाल खसरा नंबर 808 के दो दर्जन परिवारों ने राहत की सांस ली है।
क्या है मामला
गांव ढाणी भोजराज में खसरा नंबर 808 की गली की निकासी व्यवस्था चार लोगों ने बंद कर दी थी। जिसको लेकर ग्राम पंचायत ने दोनों पक्षों के बीच समझौता करने की कई बार कोशिश भी की। मगर राजेंद्र पक्ष के लोग पंचायत के फैसले को मानने को तैयार नहीं थे। और उक्त जगह को अपना मालिकाना बता रहे थे। इसलिए उन्होंने गांव के गंदे पानी की नाली बंद कर दी थी। नाली बंद करने के बाद लोगों ने उपायुक्त व सीएम विण्डो में भी शिकायत दी थी। दोनों पक्षों का मामला एसडीएम टोहाना की अदालत में चला गया था। जहां अदालत ने गली का पानी सुचारू रूप से करने के लिए उपरोक्त जगह के अंदर से ही चलाने के आदेश जारी कर दिए हैं । तथा उपरोक्त जगह को पंचायत की मलकियत भी करार दिया है। खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी रविन्द्र कुमार दलाल ने बताया कि गांव ढाणी भोजराज में गली के पानी को रोकने वाले चार लोगों के खिलाफ नोटिस जारी कर दिए हैं उन्हें स्वंय कब्जा हटाने के दिशा-निर्देश दिए गए हैं। वरना प्रशासनिक स्तर पर कब्जा हटा कर गली की पानी निकासी बहाल की जाएगी।