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अनाजमंडी में धान के भूसे का टेंडर एक बार फिर रद्द

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अमर उजाला ब्यूरो
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टोहाना।
टोहाना की अनाजमंडी में धान के भूसे का करीब 50 लाख रुपये का टेंडर रद्द हो गया है। बोलीदाता से तय समय सीमा पर बोली की राशि नहीं भरी, जिस कारण मार्किट कमेटी ने यह टेंडर रद्द कर दिया। साथ ही बोलीदाता की सिक्योरिटी के तौर पर जमा करवाई गई 19 लाख की राशि को भी जब्त कर लिया गया है। मार्किट कमेटी सचिव ने टेंडर रद्द होने की पुष्टि की है। ज्ञात रहे कि यह टेंडर पहले साढ़े 12 लाख में छूटा था, जिसमें मार्किट कमेटी पर भ्रष्टाचार के आरोप लगे थे। इसके चलते 12 लाख के टेंडर को रद्द कर दिया गया था। इसके बाद दोबारा बोली में यही टेंडर 49 लाख 90 हजार में छूटा, लेकिन अब यह भी रद्द हो गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, अनाजमंडी में धान को भूसे को उठान को लेकर मार्किट कमेटी ने पहले साढ़े 12 लाख रुपये में टेंडर छुटा था। जिस पर काफी हंगामा हुआ था। इस बात को लेकर भाजपा समर्थित पार्षद रिंकू गर्ग ने इस मुद्दे को कृषि मंत्री के समक्ष उठाया था। रिंकू गर्ग का आरोप था कि पिछले साल भी जब धान के भूसे की बोली हुई थी तो यह 14 लाख से अधिक में छूटा था। उन्होंने मार्किट कमेटी अधिकारियों पर आरोप लगाते हुए कहा था कि इस मामले में भ्रष्टाचार की बू आ रही है। इसके बाद यह टेंडर रद्द कर दिया था।
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दोबारा 30 अक्तूबर 2017 को टेंडर के लिए बोली लगाई गई। इस बोली में भाग लेने के लिए अजय गर्ग, रिंकु गर्ग, ईश्वर फौजी सहित कई लोगों ने भाग लिया। जिला विपणन अधिकारी ने बताया था कि मंडी में 12 लाख क्विंटल के लगभग धान की आवक हो चुकी है तथा भारी मात्रा में आना अभी बाकी है। इसलिए यह टेंडर 14 लाख 55 हजार रूपये में छोड़ा गया था। इसलिए यह बोली उससे अधिक 15 लाख से शुरू होगी। यह बोली 15 लाख से शुरू हुई थी और सबसे अधिक बोली ईश्वर फौजी ने 49 लाख 90 हजार की दी। इसलिए टेंडर ईश्वर फौजी के नाम छोड़ा गया था। उस समय ईश्वर फौजी ने करीब 19 लाख रुपये की धरोहर राशि जमा करवाई थी। टेंडर की शेष राशि मंगलवार को भरी जानी थी, लेकिन ठेकेदार ने राशि नहीं जमा करवाई। इस पर बुधवार को मार्किट कमेटी ने यह टेंडर रद्द कर दिया।
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रद्द हो गया है टेंडर: सचिव
मार्किट कमेटी सचिव पूनम पूनिया ने बताया कि ठेकेदार ने निर्धारित समय पर राशि जमा नहीं करवाई है। जिस कारण भूसे के टेंडर को रद्द कर दिया गया है। साथ ही धरोहर राशि को जब्त कर लिया गया है।
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