फतेहाबाद। क्षेत्र के एक गांव में महिला को कोरोना की जगह नशे की दवा देकर उससे दुष्कर्म करने के दोषी मानावाली निवासी बलजीत को अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुनील जिंदल की अदालत ने 10 साल की कैद व 25 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।इस संबंध में 25 जनवरी 2022 को महिला थाना पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर दोषी बलजीत के खिलाफ दुष्कर्म, ब्लैकमेल करने, जबरन घर में घुसने, जान से मारने की धमकी देने, आईटी एक्ट की धारा 66 व अनुसूचित जाति जनजाति अधिनियम के तहत केस दर्ज किया था। पुलिस को दी शिकायत में पीड़िता ने बताया कि कोरोना काल के दौरान उनके गांव की एक गली में कोरोना का केस मिलने के कारण गली को सील कर दिया गया था। उस समय दोषी होमगार्ड बलजीत की वहां ड्यूटी थी। बलजीत की उसके पति से दोस्ती हो गई और वह उनके घर आने जाने लगा। एक दिन बलजीत ने उसे कहा कि तुम्हारे में कोरोना के लक्षण दिख रहे हैं और बुखार भी है। इसके बाद उसने उसे एक गोली दी, जिसे खाने के बाद वह बेहोश हो गई। आरोप है कि बेहोशी की हालत में दोषी ने उससे दुष्कर्म किया और उसके अश्लील फोटो भी फोन में ले लिए। जब वह होश में आई तो बलजीत ने उसे जान से मारने की धमकी दी और उसकी फोटो वायरल करने की बात कहकर चुप रहने को कहा। इसके बाद वह बार-बार उसके घर तो कभी होटल में ले जाकर उससे दुष्कर्म करता रहा और ब्लैकमेल करते हुए उससे दो लाख भी ले लिए। जब वह परेशान हो गई तो उसने यह बात अपने पति को बताई।
मामले की सुनवाई करते हुए अदालत ने बलजीत को दुष्कर्म का दोषी मानते हुए 10 साल की कैद व 20 हजार रुपये जुर्माना, जबरन घर में घुसने के मामले में पांच साल की कैद व पांच हजार रुपये जुर्माना तथा जान से मारने की धमकी देने का दोषी पाते हो दो साल कैद की सजा सुनाई। सभी सजाएं एक साथ चलेंगी।