फरीदाबाद। नगर निगम सदन की शुक्रवार को आयोजित होने वाली बैठक में कई मुद्दों को लेकर हंगामे के आसार हैं। इसमें 54 प्रस्तावों पर चर्चा की जाएगी। इनमें 34 प्रस्ताव नीतिगत, शेष विकास से संबंधित हैं।
शहर की खस्ताहाल सड़कों, सीएलयू, पार्किंग, साफ-सफाई, खरीद-फरोख्त में अनियमितता बरतने, बुढै़ना की जमीन नीलामी, उसके पैसे को बिना सदन की अनुमति खर्च करने एवं सीएम घोषणा के काम भी समय पर पूरा न करने के मुद्दे पर हंगामा होने की संभावना है। पार्षद तोड़फोड़ शाखा में फैले कथित भ्रष्टाचार का मुद्दा भी सदन में उठा सकते हैं। पार्षद योगेश ढींगड़ा का कहना है कि उन्होंने बाजारों में पार्किंग न होने का मुद्दा रखा है। क्योंकि पार्किंग का इंतजाम न होने के कारण व्यापारियों को सीएलयू (भू उपयोग परिवर्तन) की अनुमति नहीं मिल पा रही है। ऐसे में पूछा जाएगा कि इस मद में व्यापारियों ने जो 20 करोड़ रुपये जमा कराए था उसका क्या हुआ। उसे कहां खर्च किया गया।
इस बार यह भी पूछा जाएगा कि नगर निगम कितने कोर्ट केस लड़ रहा है। इसकी सूची मांगी जाएगी। साथ में यह मांग उठेगी कि नगर निगम की कानून शाखा हर माह कोर्ट केसों की स्टेटस रिपोर्ट दे। ज्यादातर पार्षदों ने विकास से संबंधित मुद्दे उठाए हैं।
वार्ड नंबर 34 के पार्षद धीरेंद्र प्रताप सिंह ने मुद्दा रखा है कि पार्षदों के पास यह अधिकार होना चाहिए कि अगर कोई स्थायी या अस्थायी कर्मचारी अपना काम ठीक से नहीं करता है। अन्य कर्मियों को काम न करने के लिए उकसाता, भड़काता है तो वह ऐसे कर्मियों के खिलाफ निलंबन की सिफारिश कर सके।