- चरखी गांव में जनस्वास्थ्य विभाग ने 12 करोड़ की परियोजना पर शुरू कराया काम, जलघर का जीर्णोद्धार होने के बाद गांव में पेयजल लाइन डालने का काम शुरू
- जलघर में बने दो टैंकों में किया जाता है पानी का भंडारण, विभाग ने कराया पुनर्निर्माण
संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। दादरी हलके के बड़े गांवों में शुमार चरखी में बीस साल से बनी पेयजल समस्या का अब समाधान होगा। 12 करोड़ की पेयजल परियोजना पर काम तेजी से चल रहा है। अब केवल पेयजल लाइन डलनी बाकी है। ग्राम पंचायत की मानें तो जल्द परियोजना पर काम पूरा हो जाएगा। इसके बाद 13 हजार की आबादी को वर्षों पुरानी समस्या से छुटकारा मिलेगा।
विधानसभा चुनाव के समय 29 सितंबर के अंक में अमर उजाला की ओर से चुनावी मुद्दे के तहत पेयजल समेत अन्य समस्याएं उठाई गई थीं। अब ग्रामीणों को राहत देने के लिए विभाग की ओर से योजना की सभी औपचारिकताएं पूरी कर काम शुरू कराया जा चुका है। गांव के जलघर में एक बूस्टिंग स्टेशन व दो भंडारण टैंक हैं। पुराने होने के कारण इनमें से पानी का रिसाव होता था। पानी जल्दी ही समाप्त हो जाता था। ग्रामीण व पंचायत की ओर से कई बार जीर्णोद्धार की मांग उठाई गई थी। अब विभाग की ओर से गत माह बूस्टिंग स्टेशन व भंडारण टैंक का पुनर्निर्माण कराया गया है।
ग्रामीण अनिल कुमार, राजकुमार सांगवान, गुलजारी लाल, राजकुमार, जयप्रकाश, सुरेश कुमार, सुनील कुमार, नीटू व बृजेश का कहना है कि लंबे समय से गांव में पेयजल समस्या बनी है। कई गलियों में पानी की आपूर्ति लंबे समय से नहीं हुई है। मजबूरीवश ग्रामीणों को पानी खरीदकर पीना पड़ रहा है। अब काम शुरू होने पर जल्द समस्या से राहत मिलने की उम्मीद है। विभाग को जल्द से जल्द काम शुरू कराना चाहिए।
- 20 वार्ड और 100 से अधिक गलियां
नवंबर माह में गांव में पेयजल लाइन के लिए पाइप पहुंचे हैं। अब इनके दबाने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। गांव की प्रत्येक गली में नई पाइपलाइन दबाई जाएगी और सभी ग्रामीणों को कनेक्शन दिया जाएगा। पंचायत की ओर इस माह पेयजल लाइन डालकर ग्रामीणों को राहत देने की योजना है। गांव की 13 हजार आबादी है। गांव में 100 से अधिक गलियां और 20 वार्ड हैं।
- 17 किलोमीटर लंबी बिछेगी पेयजल लाइन
गांव में 17 किलोमीटर लंबी पेयजल लाइन बिछाई जानी है। हालांकि, गांव में निजी पेयजल लाइनें हैं। इनसे ट्यूबवेल का पानी सप्लाई किया जाता है। गांव में ऊंची-नीची जगह व पुरानी पेयजल लाइन से पानी आपूर्ति बेहतर ही होती थी। लाइन जर्जर होने के कारण कई बार टूट चुकी थी। अवैध कनेक्शन भी अधिक थे। अब ग्रामीणों को निजी एजेंसी से पानी खरीदकर पीने की आवश्यकता नहीं रहेगी।
- 4 किलोमीटर दूर से पहुंचता है पानी, चरखी में बने बूस्टिंग स्टेशन
जिला पार्षद रविंद्र सांगवान ने बताया कि चरखी गांव का जलघर भैरवी गांव के समीप है। वहां से गांव की दूरी करीब 4 किलोमीटर हो जाती है। गांव में बूस्टिंग स्टेशन भी विभाग को बनाना चाहिए। इससे पेयजल संकट का स्थायी तौर पर समाधान हो जाएगा। इसके अलावा फिरनी पर पड़ने वाली गलियों की पेयजल लाइन भी मुख्य लाइन से जोड़ी जानी चाहिए।
वर्सन:
गांव में पेयजल लाइन डलवाई जा रही है। ग्रामीणों को अब पेयजल समस्या से जल्द राहत मिल जाएगी। इसके बाद पंचायत की ओर से गांव की अन्य समस्याओं को संज्ञान में लाकर उनका समाधान किया जाएगा।
-भूपेंद्र सिंह, सरपंच, चरखी
वर्सन:
चरखी गांव में पेयजल परियोजना पर काम चल रहा है। कार्य पूरा होने के बाद समस्या नहीं रहेगी।
-सोहनलाल, एक्सईएन, जनस्वास्थ्य विभाग
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चरखी गांव में डाली गई पाइपलाइन। संवाद