फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Charkhi Dadri News: 6 माह से पाइपलाइन का इंतजार, जल जीवन मिशन का काम रुका

Sun, 03 Sep 2023 12:04 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
विज्ञापन
चंपापुरी जलघर में बना पानी भंडारण टैंक। संवाद
विज्ञापन
चरखी दादरी। जिले में जल जीवन मिशन योजना के तहत 88 हजार मीटर लंबी पाइप लाइन की और जरूरत है। इन पाइपों का पिछले छह माह से इंतजार है। ऐसे में यह प्रोजेक्ट बीच में ही रुका हुआ है। हालांकि अब तक विभाग 88 हजार मीटर लंबी पाइप लाइन बिछा भी चुका है।
विज्ञापन

बता दें कि पिछले पौने दो साल से यह प्रोजेक्ट आगे नहीं बढ़ पा रहा है। इस योजना के तहत अब मानसून सीजन की वजह से सभी काम धीमे चले रहे हैं। इस प्रोजेक्ट के तहत 35 बूस्टिंग स्टेशनों व विभिन्न गांवों में पाइप लाइन बिछाई जानी है। जिले में पेयजल आपूर्ति में सुधार करने और हर घर तक नल से पानी पहुंचाने पर विभाग काम कर रहा है। बाढड़ा क्षेत्र में 40 एकड़ में मेन जलघर का निर्माण भी होना है।
जिले में पेयजल आपूर्ति में चार दशक से सुधार नहीं हो पाया है। इस वजह से पेयजल का संकट बना रहता है। कई गांवों में बने जलघरों में नहरी पानी नहीं पहुंच पा रहा है तो कहीं पाइप लाइनों की कमी की वजह से पानी की आपूर्ति संभव नहीं है। पेयजल कनेक्शनों की संख्या भी सीमित है। जिले में इस समय 60 से ज्यादा जलघर हैं जो चार दशक पहले के बने हुए हैं। इन चार दशकों में जिले की आबादी भी बढ़ी है। आबादी बढ़ने के लिहाज से पानी की खपत भी बढ़ी है लेकिन आपूर्ति में सुधारीकरण नहीं हो सका है।
विज्ञापन

- कनेक्शन नियमित भी कर रहा विभाग
अब विभाग इस काम को सिरे चढ़ाए जाने की योजना पर काम कर रहा है। इसके लिए विभाग द्वारा प्रत्येक गांव में पेयजल कनेक्शनों को नियमित भी किया जा रहा है। अवैध पेयजल कनेक्शनों की संख्या ज्यादा होने के कारण सरकारी राजस्व में भी घाटा हो रहा है और पानी का समान वितरण भी नहीं हो पा रहा है।


- प्रत्येक गांव में बिछेगा तीन से चार किलोमीटर लंबी पाइप लाइन

विभाग ने प्रत्येक गांव में जरूरत के अनुसार नई पाइप लाइन भी बिछानी हैं ताकि प्रत्येक घर तक पानी पहुंच सके। कई गांवों में पुरानी एवं जर्जर लाइन होने की वजह से पानी नहीं पहुंच पा रहा है। प्रत्येक गांव में करीब तीन से चार किलोमीटर लंबी पाइप लाइन बिछाए जाने की योजना है।
- नहरों से जोड़े जाने हैं जलघर
इस योजना के तहत जिन गांवों में जलघर की जरूरत है वहां नए बनाए जाने हैं। इन जलघरों में नहरी पानी डाला जाएगा। गांव की आबादी एवं पानी की खपत को देखते हुए जलघर बनाए जाने हैं ताकि पानी की आने वाले चार दशक तक किल्लत न होने पाए। कई गांवों के लिए सामूहिक रूप से बूस्टिंग भी बनाए जाने की योजना है। यह बूस्टिंग जलघरों के आसपास बनाए जाएंगें ताकि नियमित रूप से इनमें पानी डाला जा सके।

- 1.76 लाख मीटर लंबी बिछाई जानी है पाइप लाइन
अब तक 88 हजार मीटर लंबी पाइप लाइन ही बिछाई जा सकी है, जबकि कुल एक लाख 76 हजार मीटर पाइप लाइन बिछाई जानी है। पिछले छह माह से शेष 88 हजार मीटर पाइपों की जरूरत है उसके बाद ही यह काम गति पकड़ सकेगा।


शेष पाइप मंगवाने के लिए डिमांड उच्च अधिकारियों को भेजी हुई है। अब तक 88 हजार मीटर से ज्यादा लंबाई में पाइप लाइनें बिछाई जा चुकी है। पाइप पहुंचते ही काम शुरू हो जाएगा। इसके अलावा जर्जर जलघरों की मरम्मत भी करवानी है।
विज्ञापन

-जगदीशचंद्र,एसडीओ, जनस्वास्थ्य विभाग
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें