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Charkhi Dadri News: 20 माइनरों और सब माइनरों के नवीनीकरण के लिए 30 करोड़ के बजट का इंतजार

Fri, 18 Jul 2025 11:20 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
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जिले की मुख्य लोहारू नहर।
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चरखी दादरी। जिले की 20 माइनर व सब माइनर नवीनीकरण के इंतजार में हैं। इनमें ज्यादातर माइनर जर्जर स्थिति में हैं। इनके नवीनीकरण के लिए सिंचाई विभाग ने करीब 30 करोड़ का एस्टीमेट मुख्यालय भेज रखा है। अब तक सरकार की ओर से इसके लिए बजट जारी नहीं किया गया है। वहीं, स्थानीय अधिकारियों का कहना है कि बजट मिलते ही धरातल पर नवीनीकरण कार्य शुरू करवा दिया जाएगा।
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दादरी जिले में करीब 74 डिस्ट्रीब्यूटरी, माइनर व सब माइनर हैं। इनमें से 20 माइनरों व सब माइनरों की हालत खराब है। इनमें पानी छोड़ना मुश्किल बना हुआ है। इनके बीच-बीच में कट बने हुए हैं। मिट्टी व गाद से भी अटी पड़ी हैं। वहीं, इन माइनर से जिले के करीब 50 गांव कवर किए जाते हैं। इन गांवों की आबादी डेढ़ लाख से ज्यादा है। ऐसे में सिंचाई विभाग को तत्परता से अपनी योजना को परवान चढ़ाकर ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को राहत देनी चाहिए।
वैसे, नहरों से ही जिले में सिंचाई व पेयजल की आपूर्ति होती है। जिले का 60 प्रतिशत एरिया नहरी पानी पर निर्भर है। हालांकि, विभाग ने जिले में कैनाल, डिस्ट्रीब्यूटरी, माइनर व सब माइनर बना रखे हैं। इनके जरिये पूरे जिले को कवर कर रखा है। रेतीले एरिया से भी माइनर गुजर रही हैं। मानसून सीजन में तो तकरीबन नहरों में पानी छोड़ा जाता है। इस समय करीब 20 माइनरें व सब माइनरें ऐसी हैं, जिनमें पानी चलाना मुश्किल कार्य है। कहीं किनारे टूटे हुए हैं तो कोई मिट्टी व घास से अटी पड़ी है। कई माइनरों में कट बने हुए हैं।
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- 1970-80 में बिछा था नहरों का जाल
वर्ष 1970-80 के दशक में जिले में नहरों का जाल बिछाया गया था। रेत के टिब्बों से भी नहरें गुजर रही हैं। तत्कालीन सीएम बंसीलाल के प्रयासों से इन नहरों का निर्माण हो सका। अब लंबे समय से इन नहरों का नवीनीकरण नहीं हो सका है। सरकार को प्रस्ताव भेजे जाते हैं। बजट नहीं मिलने के अभाव में काम नहीं हो पाता है।
- इन माइनरों के जीर्णोद्धार की दरकार
अब जिले की 20 माइनरें व सब माइनरें नवीनीकरण के इंतजार में हैं। इसके लिए विभाग ने प्रस्ताव भेज रखा है, लेकिन, काम शुरू कराने के लिए सरकार की ओर से बजट नहीं मिल रहा है। इन माइनरों में प्रमुख रूप से गोठड़ा माइनर, पोखरवास माइनर, खैरपुर माइनर, उमरवास माइनर, भारीवास आदि शामिल हैं।




बजट मिलते ही माइनरों व सब माइनरों के नवीनीकरण का कार्य शुरू करवा दिया जाएगा। हेड ऑफिस प्रस्ताव भेजकर बजट की मांग कर रखी है। करीब 30 करोड़ का बजट मिलना है।
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-एक्सईएन सतेंद्र कुमार, सिंचाई विभाग
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