जिले के लिंगानुपात में सुधार के लिए अधिकारियों की बैठक लेते उपायुक्त डॉ. मुनीष नागपाल। स्रोत : जनसंपर्क विभाग
- जिले के लिंगानुपात को सुधारने के लिए जिला उपायुक्त ने ली बैठक, महिला एवं बाल विकास समेत अन्य विभागों को दिए दिशा-निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। जिले के लिंगानुपात में सुधार के लिए उपायुक्त डाॅ. मुनीष नागपाल ने स्वास्थ्य व महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं। इसके तहत उन्हें गर्भवती महिलाओं का समय पर पंजीकरण सुनिश्चित करने के आदेश दिए। साथ ही गर्भवती महिलाओं की रिपोर्टिंग सही तरीके से न करने पर संबंधित को विभागीय कार्रवाई के लिए तैयार रहने की चेतावनी भी दी है।
उपायुक्त ने बुधवार को लघु सचिवालय सभागार में समीक्षा बैठक ली। उन्होंने कहा कि बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ राष्ट्रीय कार्यक्रम को प्रभावी ढंग से क्रियान्वित करते हुए जिलास्तर पर सकारात्मक कदम उठाए जाएं। जिले में लिंगानुपात सुधार के लिए ठोस कदम उठाए जाएं और संबंधित विभाग अपने स्तर पर ट्रैकिंग पर विशेष फोकस रखें। साथ ही रजिस्ट्रेशन अनुरूप तुलनात्मक अध्ययन अवश्य करें।
उपायुक्त ने स्वास्थ्य विभाग व महिला एवं बाल विकास विभाग सहित अन्य संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि जिले में बिगड़े हुए लिंगानुपात वाले गांवों को चयनित कर विशेष जागरूकता अभियान के अलावा अन्य ठोस कार्य योजना तैयार की जाए। उन्होंने बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत महिला एवं बाल विकास विभाग, स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग, खेल विभाग, पंचायती राज विभाग, डीआरडीए विभाग सहित अन्य संबंधित विभागों को जागरूकता गतिविधियां बढ़ाने पर जोर देने के निर्देश दिए।
- पीएनडीटी एक्ट हो सख्ती से लागू
उपायुक्त ने कहा कि कन्या भ्रूण हत्या और बिगड़ते लिंगानुपात को रोकने के उद्देश्य से जिले में गर्भधारण पूर्व एवं प्रसव पूर्व निदान तकनीक अधिनियम (पीसी एंड पीएनडीटी एक्ट) को सख्ती से लागू किया जाना बेहद जरूरी है। स्वास्थ्य विभाग लिंगानुपात में सुधार करने के लिए सख्त कदम उठाएं।
- मेडिकल स्टोर पर नहीं बिकनी चाहिए एमटीपी किट
उपायुक्त ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए कि जिले में नियमित रूप से छापे से संबंधित कार्रवाई काे अंजाम दें और आरोपियों को पकड़ें। उन्होंने कहा कि एमटीपी किट (दो दवाओं का मिश्रण) किसी भी मेडिकल स्टोर पर न बिके, इसके लिए मेडिकल स्टोर पर नियमित जांच की जाए और कोई नियमों की अवहेलना करता है तो कार्रवाई अमल में लाई जाए।