चरखी दादरी। दादरी नगर परिषद स्थित प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना शाखा की ओर से लोगों को स्वरोजगार शुरू करने के लिए 1,144 लोगों को ऋण के तौर पर सहायता राशि दिलवाई जा चुकी है। इनके अलावा 600 लाभार्थियों के दस्तावेजों पर बैंकों की ओर से आपत्तियां लगाकर ऋण देने से इंकार कर दिया गया था लेकिन अब सरकार की ओर से बैंकों को रद्द किए आवेदनों का दोबारा निरीक्षण करने के आदेश जारी किए गए हैं। ताकि जरूरतमंद लोग ऋण पाकर स्वरोजगार शुरू कर सकें।
बता दें कि लोगों को खुद का रोजगार करने के उद्देश्य के साथ प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना की शुरुआत की गई थी। वर्ष 2021 में दादरी नगर परिषद कार्यालय में प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना की शाखा स्थापित की गई थी। इस चार साल की अवधि में योजना का लाभ लेने के लिए 2,000 लोगों ने आवेदन किए थे। इस दौरान अधिकारियों की ओर से आवेदकों के दस्तावेजों की जांच कर 1,744 लोगों को लाभ लेने की श्रेणी में पाया गया। वहीं 256 लोगों के दस्तावेजों में मिली कमी के कारण रद्द करना पड़ा। कार्यालय की ओर से 1,144 लाभार्थी योजना का लाभ लेकर स्वयं का रोजगार कर रहे हैं। अधिकारियों ने बताया कि इस योजना के तहत 31 श्रेणियों में आने वाले कामगार लाभ ले सकते हैं।
आवेदक को मिलती है इतनी राशि
पीएम स्वनिधि योजना के तहत पहली बार आवेदन करने वाले लाभार्थी को 15,000 रुपये का ऋण मिलता है। उसके द्वारा समय पर यह राशि जमा करवाने के बाद दूसरी बार 25 हजार रुपये का ऋण मिलता है। इसी प्रकार तीसरी राशि के रूप में 50,000 रुपये का ऋण मिलता है।
यह कामगार कर सकते हैं आवेदन
प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के अंतर्गत 31 श्रेणियों में आने वाले कामगार योजना का लाभ लेने के पात्र हैं। इनमें बार्बर, अखबार सप्लॉयर, ड्राइक्लीनर, केबल ऑपरेटर, साइकिल मैकेनिक, कार, बाइक वाशिंग, पैकिंग, जूता ठीक करने वाले कारीगर, बुक वाइंडिंग, टेंट कारीगर आदि शामिल हैं।
इतने लाभार्थियों को इतनी बार मिला है लाभ
लाभार्थी संख्या सहायता राशि (रुपये में)
1,144 15,000
338 25,000
80 50,000
हमारा प्रयास रहता है कि श्रेणी में आने वाले प्रत्येक कामगार को योजना का लाभ दिलवा सकें। फिलहाल आवेदन प्रक्रिया शुरू है, योजना का लाभ लेने के लिए संबंधित 31 श्रेणियों में आने वाले कामगार लोग स्वयं का कारोबार शुरू करने के लिए आवेदन कर सकते हैं।
- विनय जोशी, डॉ. रश्मि शर्मा, शहरी एवं सामाजिक विशेषज्ञ।