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पेशी पर कासनी गैंग सरगना प्रदीप को मारने की थी साजिश

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दादरी कोर्ट परिसर जहां प्रदीप की हत्या करने की योजना थी। - फोटो : CharkhiDadri
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चरखी दादरी। झज्जर पुलिस ने कासनी गैंग सरगना प्रदीप की हत्या की साजिश नाकाम कर दी है। पुलिस ने काला गैंग के तीन गुर्गों को हथियारों के साथ गिरफ्तार किया है। उनमें से दो दादरी जिले के और तीसरा हिसार जिले का रहने वाला है। झज्जर पुलिस के खुलासे के अनुसार काला गैंग के गुर्गों की छुछकवास या दादरी कोर्ट परिसर में हत्याकांड को अंजाम देने की योजना थी।
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आशंका है कि अगर ये प्रदीप की हत्या में कामयाब हो जाते तो दादरी में फिर से काला और कासनी गैंग के बीच गैंगवार तय थी। हालांकि दादरी पुलिस अधिकारियों का कहना है कि प्रदीप की कोर्ट में पेशी वीसी के जरिये करवाई गई है। बता दें कि दादरी जिले में पिछले एक दशक से दो ही गैंग सक्रिय हैं। एक काला और दूसरा कासनी गैंग। इनके बीच 2011, 2017 और 2020 में गैंगवार हो चुकी है। कासनी गैंग सरगना अपने भाई संदीप की मौत का बदला लेने के लिए काला गैंग सरगना काला, उसके साथी खिलावनचंद और काला के भाई संदीप की हत्या कर चुका है। काला की मौत के बाद से उसकी गैंग पंकज और नवदीप चलाते हैं। उनके इशारों पर ही प्रदीप कासनी को छुछकवास या फिर दादरी कोर्ट में गोलियों से छलनी की योजना फर्रुखनगर में तैयार की गई।
इस हत्याकांड को अंजाम देने के लिए घसोला निवासी शिवकांत, फतेहगढ़ निवासी मनदीप और हिसार के बालसमंद निवासी सुभाष कार में सवार होकर बुधवार रात दादरी की तरफ आ रहे थे। उसी दौरान उन्होंने झज्जर पुलिस का नाका तोड़ने का प्रयास किया। इसके बाद उन्होंने पुलिस पर फायरिंग भी की। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने इन तीनों को काबू कर लिया, जबकि गैंग सरगना नवदीप भागने में कामयाब रहा। पकड़े गए तीनों आरोपियों के पास से 5 सिंगल बैरल लोडेड गन, 5 देसी कट्टे, एक देसी पिस्तौल और 24 कारतूस बरामद हुए।
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- मोहित हत्याकांड में भी आया था प्रदीप का नाम
3 अक्तूबर को कासनी निवासी मोहित की हत्या हुई थी। हत्याकांड को बाइक सवार तीन बदमाशों ने अंजाम दिया था। इस हत्याकांड का आरोप भी प्रदीप कासनी और उसके साथियों पर लगा था। पुलिस ने इस मामले में दो हत्यारोपियों का काबू कर लिया है जबकि तीसरा फरार है। हालांकि अभी तक इस हत्याकांड में प्रदीप कासनी की संलिप्ता है या नहीं, इसका खुलासा नहीं हुआ है।
- कासनी गैंग ने काला को घर में तो भाई संदीप को मारा था मंदिर में
काला गैंग सरगना सतेंद्र उर्फ काला की प्रदीप कासनी ने 2017 में घर में घुसकर हत्या की थी। वहीं, काला के साथी खिलावनचंद की ढाणी फौगाट मंदिर में गोलियां मारकर हत्या की थी। सतेंद्र काला के भाई संदीप की भी प्रदीप कासनी गैंग ने कपूरी मंदिर में हत्या की थी।
- दादरी पुलिस पहले से ही थी अलर्ट
जिले में दोबारा से गैंगवार पनपने का इनपुट पिछले कई दिनों से दादरी पुलिस के पास भी था। इसके मद्देनजर जिला पुलिस भी अलर्ट थी और अंदर खाते ही सुरक्षा तंत्र को मजबूत करने की योजना बनाए हुए थी। सूत्रों के अनुसार खुफिया तंत्र दोनों गैंग से जुड़े गुर्गों पर नजर रखे हुए है।
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