फोटाे 19 : दादरी की पुरानी अनाज मंडी स्थित जमींदारा सोसायटी कार्यालय। फाइल फोटो
चार दिनों से जिले में खत्म हो चुका है डीएपी खाद का स्टॉक
संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। जिले में शुक्रवार को 10 हजार डीएपी खाद के बैग पहुंच जाएंगे। खाद रेवाड़ी स्थित खोरी से मंगवाई जा रही है। गत चार दिनों से डीएपी खाद का स्टॉक जिले में खत्म हो चुका है। किसानों को इस समय डीएपी खाद की ज्यादा जरूरत बनी हुई है।
इस समय किसान सरसों की बिजाई करने में जुटे हैं। सरसों की बिजाई से पूर्व किसान खेत में डीएपी खाद डालते हैं ताकि अच्छी पैदावार मिल सके। जिले में इस बार करीब एक लाख 50 हजार एकड़ में सरसों की बिजाई होने का अनुमान है। गेहूं की बिजाई का आंकड़ा एक लाख एकड़ तक पहुंचने की उम्मीद है।
इस समय यूरिया की किल्लत नहीं है। यूरिया खाद पहले से ही वितरण केंद्रों में रखी हुई है। एक माह बाद यूरिया की भी जरूरत बढ़ जाएगी क्योंकि पहली सिंचाई एक माह बाद होगी। सिंचाई के बाद किसान यूरिया खाद का छिड़काव करते हैं।
खाद का सही तरीके से हो रहा वितरण
इस समय डीएपी खाद का जमीन के हिसाब से वितरण किया जा रहा है। शून्य से डेढ़ एकड़ तक एक बैग डीएपी खाद दी जा रही है। इसके बाद प्रति एकड़ एक बैग उपलब्ध कराया जाता है। जिन किसानों ने मेरी फसल, मेरा ब्योरा पोर्टल पर जमीन का विवरण दर्ज करवा रखा है, उनको खाद दी जा रही है। यह नियमावली लागू करने के बाद अब डीएपी के लिए वितरण केंद्रों के बाहर लंबी लाइन नहीं लगती है।
पैक्स समितियों में भी मिल रही खाद
शुक्रवार को 10 हजार डीएपी खाद के बैग पहुंचने पर गांवों में स्थित पैक्स समितियों को भी डीएपी खाद के बैगों को वितरण के लिए भेजा जाएगा ताकि किसानों को गांव से दूर जाकर खाद नहीं खरीदनी पड़े। बाढड़ा, कादमा, डाढ़ी बाना, अटेला व बौंदकलां सहित कई पैक्स समितियों में डीएपी खाद भेजी जाएगी।
वर्सन :
10 हजार बैग डीएपी खाद मंगवाई गई है। शुक्रवार शाम तक खाद पहुंच जाएगी। खाद की कमी नहीं होने दी जाएगी। खाद वितरण भी सही प्रकार से किया जा रहा है।
-एसडीओ कृष्ण कुमार, कृषि विभाग।