संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। राजकीय स्कूलों में तैनात शिक्षक ग्रीष्मकालीन अवकाश के बाद कक्षा में विद्यार्थियों को सामान्य के बजाय लय से कविता पढ़ाएंगे। इसके अलावा, पढ़ाने के तरीके में नयापन लेकर आएंगे। मंगलवार से शुरू हुए प्राथमिक स्तर के शिक्षकों के पांच दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में ये तमाम टिप्स दिए गए। इसमें बतौर प्रशिक्षक 44 केआरपी की नियुक्ति की गई। डायट से प्रवक्ता श्रुति कुमारी ने प्रशिक्षण का निरीक्षण किया और व्यवस्था संबंधी जांच की।
कार्यक्रम संपर्क कोऑर्डिनेटर रविंद्र परमार की देखरेख में आयोजित किया। नए सत्र में नई शिक्षा नीति की गाइडलाइन शुरू हो चुकी है। इसके अनुसार तीन कक्षाओं का पाठ्यक्रम भी बदला गया है। अन्य शैक्षणिक बदलाव भी हुए हैं। इनकी जानकारी देने के लिए गत माह केआरपी को प्रशिक्षण दिया गया था। इसमें जिले से 44 केआरपी शामिल हुए।
अब जिले में पांच दिवसीय प्रशिक्षण की तीन स्थानों पर शुरुआत की गई। जिले के खंड दादरी का जीएमएसएसएस स्कूल, बौंदकलां का मिसरी और बाढड़ा के जीएमएसएसएस स्कूल में आयोजित किया गया। प्रशिक्षण सुबह 8 बजे शुरू हुआ। दोपहर 2:30 बजे समाप्त हुआ।
जून माह में स्कूलों का अवकाश रहेगा। इस दौरान शिक्षक भी काम में व्यस्त नहीं रहेंगे। इसके चलते विभाग की ओर से प्रशिक्षण शुरू किया गया। ताकि, पढ़ाई भी बाधित न हो और शिक्षकों को नए बदलाव से भी रूबरू कराया जा सके। पहले दिन शिक्षकों को विभाग की ओर से किए गए बदलाव की जानकारी दी गई।
इस दौरान बीआरपी गायत्री शर्मा, बीआरपी ज्योति कुमारी, बीआरपी कविता व रश्मि, एबीआरसी कविता आदि मौजूद रहीं।