संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के 100 वर्ष पूरे होने पर शताब्दी समारोह के तहत मंगलवार को खंड झोझूकलां में कार्यक्रम आयोजित किया गया। विभिन्न गांवों से होते हुए स्वयंसेवकों ने गणवेश में झोझूकलां के मुख्य मार्ग एवं गलियों में पथ संचलन किया।
इस अवसर पर विभाग कुटुम्ब प्रबोधन प्रमुख योगेश ने बताया कि सौ वर्ष पहले डॉ. हेडगेवार ने युवाओं के साथ 1925 में संघ की स्थापना की थी। धीरे-धीरे पूरे देश में इसका विस्तार धीरज, धैर्य, अनुशासन एवं देशभक्ति के विचारों के साथ किया। उन्होंने बताया कि संघ का उद्देश्य राष्ट्र को परम वैभव तक ले जाना है।
योगेश ने संघ की 100 वर्षों तक की यात्रा पर प्रकाश डाला और कहा कि अनेक प्रतिबंधों के बावजूद संघ अपनी कार्यशैली के कारण समाज परिवर्तन के कार्यों में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। संघ की शाखा में व्यक्ति निर्माण का कार्य लगातार जारी है।
इस अवसर पर विशेष अतिथि के रूप सेवानिवृत्त एसपी विद्यानंद ने संघ की ओर से समाज एवं राष्ट्र उत्थान के लिए किए जा रहे कार्यों की प्रशंसा की। विशिष्ट अतिथि के तौर पर प्राचार्य परमेंद्र चितौड़िया रहे। प्रमेंद्र ने संघ को राष्ट्र के प्रति समर्पित संगठन बताया। इस अवसर पर तकदीर, सौरभ, प्रदीप, चंद्रप्रकाश आदि संगठन के अनेक पदाधिकारी व वरिष्ठ नागरिक उपस्थित हुए।