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Charkhi Dadri News: खतरों का आरओबी, डरा ही रहता है गुजरता है जो भी

Sun, 02 Feb 2025 11:15 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
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आरओबी से उखड़ी पड़ी रोड़ियां।संवाद
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ग्राउंड रिपोर्ट::
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रावलधी-भिवानी लिंकमार्ग आरओबी में बाहर निकलीं लोहे की पत्तियां, सड़क में गड्ढे, डिवाइडर से उड़ती है धूल
- सड़क पर बने गहरे गड्ढे, डिवाइडर पर जमी है मिट्टी की मोटी परत, लोहे की पत्ती तक निकली बाहर, हादसों का अंदेशा
संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। शहर के रावलधी-भिवानी लिंक मार्ग पर बना आरओबी जर्जर है। आरओबी की सड़क में गहरे गड्ढे हैं। डिवाइडर के दोनों ओर मिट्टी के ढेर लगे हैं। इनसे धूल उड़ती है। आरओबी में उखड़ीं लोहे की ग्रिल से हादसों का डर बना रहता है। राहगीरों और वाहन चालकों ने प्रशासन से आरओबी की सुध लेने की मांग की है।
रावलधी-भिवानी लिंक मार्ग पर सात साल पहले आरओबी (रेलवे ओवरब्रिज) का निर्माण कराया गया था। लेकिन, पीडब्ल्यूडी की अनदेखी से आरओबी की हालत लगातार खराब हो रही है। शहर के बीच से गुजरने वाले भारी वाहनों को रोकने के लिए सरकार की ओर से आरओबी का निर्माण कराया गया था। निर्माण के बाद से प्रतिदिन आठ हजार से अधिक भारी वाहनों के अवागमन के कारण आरओबी की सड़क काफी जर्जर हो चुकी है।
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रेलवे ओवरब्रिज गहरे गड्ढे हैं। वहीं, आरओबी पर लगीं सभी लाइटें बंद रहने के कारण हादसों का अंदेशा बना रहता है। आरओबी के दोनों तरफ मिट्टी की परत से धूल के गुबार उड़ते हैं। इससे वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। इसी तरह, आरओबी के बीच लगीं लोहे की ग्रिल कई जगहों से उखड़ी हुई हैं। यहां से गुजरने वाले दुपहिया वाहन चालकों के लिए ये हादसों का बड़ा कारण बन सकती हैं। वाहन चालक सुरजीत सिंह, महेश कुमार, रणजीत सिंह, प्रदीप आदि ने बताया कि सरकार वाहनों से रोड टैक्स वसूलती है, उसी प्रकार, सड़कों की हालत भी सुधारे।
सबसे अधिक ओवरलोडिंग वाहनों का होता है अवागमन
जिले के साथ लगते अनेक गांवों में अरावली क्षेत्र होने के कारण दूर-दराज शहरों में भवन निर्माण सामग्री पहुंचाने के लिए वाहनों का इसी मार्ग से गुजरना होता है। वहीं, दिल्ली, लोहारू, भिवानी, रोहतक आदि रूटों पर जाने वाले वाहन इसी आरओबी से गुजरते हैं। आरओबी से प्रतिदिन आठ हजार से अधिक भारी वाहनों का आवागमन होता है।
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रात के समय बना रहता है हादसों का भय
आरओबी के दोनों तरफ 32 लाइटें लगाई गई हैं। लेकिन, पिछले दो साल से लाइटें बंद होने से अंधेरा छाया रहता है। धुंध व कोहरा छाने के कारण यहां बने गहरे गड्ढों में हादसों की आशंका बनी रहती है। स्थानीय लोगों ने पीडब्ल्यूडी से आरओबी की मरम्मत करवाने के साथ ही बंद पड़ीं लाइटें चालू करवाने की मांग की है।
वर्सन:
रावलधी-भिवानी लिंक मार्ग पर बने आरओबी का एस्टीमेट तैयार कराकर मरम्मत का कार्य कराया जाएगा। बंद पड़ीं लाइटों को चालू करवाने का कार्य बिजली निगम का है।
-कृष्ण कुमार, एक्सईएन पीडब्ल्यूडी
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आरओबी से उखड़ीं रोड़ियां। संवाद
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आरओबी के साथ दूर तक लगा मिट्टी का ढेर। संवाद
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जर्जर आरओबी के बीच उखड़ी लोहे की ग्रिल। संवाद
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