चरखी दादरी। बार एसोसिएशन के पांच पदों के लिए शुक्रवार को चुनाव हुआ। चुनाव शांतिपूर्वक हुआ और निर्धारित समय तक 84.85 प्रतिशत मतदान हुआ। प्रधान पद का मुकाबला नसीब राणा ने 57 मतों के अंतर से जीता और उन्होंने लगातार तीन बार प्रधान रहे सुरेंद्र मैहड़ा को शिकस्त देकर उलटफेर किया। सभी पांचों पदों के लिए हुए मतदान में 52 वोट रद्द हुए।
बार चुनाव के दौरान कुल 819 में से 695 वोट पोल हुए। सचिव पद पर करीबी मुकाबला होने व जीत का अंतर मात्र पांच वोट होने की वजह से दोबारा मतों की गिनती करनी पड़ी। गुलजारीलाल बतौर ऑब्जर्वर तैनात रहे।
चुनाव अधिकारी ओमप्रकाश सांगवान, ओमप्रकाश पंवार व पवन बंसल ने बताया कि मतदान सुबह 10 बजे शुरू हुआ। साढ़े चार बजे तक मतदान संपन्न हो गया। उसके बाद मतों की गिनती शुरू की गई। मतदान बैलेट पेपर के जरिये कराया गया। चुनाव अधिकारी पवन बंसल ने बताया कि चुनाव में पांच पदों के लिए 12 उम्मीदवार मैदान में थे।
- सुरेंद्र मैहड़ा को 300 तो नसीब राणा को मिले 357 मत
प्रधान पद के लिए हुए चुनाव में नसीब राणा को 357, सुरेंद्र मैहड़ा 300 व तीसरे उम्मीदवार अनिल फौगाट को 32 वोट प्राप्त हुए। इस प्रकार नसीब राणा 57 मतों के अंतर से प्रधान चुना गया। प्रधान पद चुनाव में छह वोट रद्द किए गए।
- 102 मतों से जीत दर्ज कर उप-प्रधान बने अजय
उप-प्रधान पद के लिए मुकाबला आमने-सामने का रहा। प्रत्याशी अजय छिक्कारा को 393 व मनदीप फौगाट को 291 मत प्राप्त हुए। इस प्रकार अजय छिक्कारा 102 मतों के अंतर से जीत दर्ज कर बार एसोसिएशन के उप-प्रधान बने। इस पद के लिए डाले गए 11 वोट रद्द हुए।
- सचिव पर के त्रिकोणीय मुकाबले में मनोज ने मारी बाजी
सचिव पद के लिए भी मुकाबला त्रिकोणीय रहा। प्रत्याशी मनोज जांगड़ा को 302, राकेश डोहकी को 297 और कबूल राणा को 87 वोट प्राप्त हुए। मनोज जांगड़ा पांच मतों के अंतर से विजयी बने। सचिव पद के लिए हुए मतदान में 9 मत रद्द किए गए।
-27 मतों से जीतकर सह-सचिव बने गौरव
बार चुनाव के दौरान मतदान के जरिये गौरव प्रेमी सह सचिव चुना गया। गौरव प्रेमी को 352 व प्रतिद्वंद्वी उम्मीदवार आनंद को 325 मत प्राप्त हुए। इस प्रकार गौरवी प्रेमी 27 मतों के अंतर से सचिव सहसचिव चुने गए। इस पद के लिए 18 वोट रद्द किए गए।
- 33 वोटों से जीतकर कोषाध्यक्ष बने पंकज
कोषाध्यक्ष पद के लिए हुए चुनाव में पंकज ने 33 मतों के अंतर से जीत दर्ज की। पंकज को 360 व प्रतिद्वंद्वी उम्मीदवार भूपेंद्र सिंह को 327 मत प्राप्त हुए। इस पद के लिए हुए मतदान में आठ वोट रद्द हुए।
-चुनाव अधिकारी पवन बंसल ने बताया कि सचिव पद के लिए दोबारा गिनती करनी पड़ी। जीत का अंतर मात्र पांच वोट होने की वजह से संतुष्टि के लिए दोबारा मतों की करनी पड़ी। दोबारा गिनती का परिणाम भी वही रहा।
-पवन बंसल, चुनाव अधिकारी