एनकॉर्ड कमेटी के अधिकारियों के साथ बैठक करते उपायुक्त व पुलिस अधीक्षक।
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चरखी दादरी। उपायुक्त डॉ. मुनीश नागपाल ने कहा कि न्यायालय के निर्देशों के अनुसार नशा तस्करी के मामले में पकड़े जाने वाले लोगों की संपत्ति को अटैच करने की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही जिले में नशे के खिलाफ जन जागरूकता अभियान भी चलाया जाए ताकि इस कुरीति से लोगों को बचाया जा सके।
उपायुक्त शनिवार को पुलिस अधीक्षक लोगेश कुमार पी के साथ एनकॉर्ड कमेटी से जुड़े अधिकारियों की बैठक ले रहे थे। उन्होंने कहा कि नशा तस्करी के मामले में दोषी लोगों पर सख्त कार्रवाई करके ही काबू पाया जा सकता है। ऐसे में नशा तस्करों की संपत्ति को अटैच करने की कार्रवाई पर जोर देना होगा। साथ ही जिले में विभिन्न माध्यमों से लोगों को नशे के प्रति जागरूक करने की भी जरूरत है।
उन्होंने कहा कि स्वस्थ समाज ही देश की प्रगति का आधार होता है। जिला प्रशासन का दायित्व बनता है कि समाज की मुख्यधारा से भटक कर नशे की लत में पड़े युवाओं को फिर से समाज की मुख्यधारा में शामिल करें। इसके लिए सभी विभागों को मिशन मोड में कार्य करना होगा।
डीसी ने कहा कि समाज से नशे की प्रवृति को खत्म करने के लिए पूरी गंभीरता के साथ प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं। जिले में मेडिकल स्टोर संचालकों की ओर से बिना डॉक्टर की पर्ची के किसी प्रकार दवाई न दी जाए। उन्होंने कहा कि नशे के आदी हो चुके युवाओं को नशे की लत से छुटकारा दिलवाने के लिए प्रभावी योजना तैयार करते हुए कार्य करें व पुलिस की ओर से नशा बेचने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
उन्होंने कहा कि युवाओं को नशे के चंगुल से बाहर निकलना है फिर उनको शिक्षा और रोजगार से जोड़ते हुए बेहतर भविष्य की तरफ अग्रसर करना है। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि पुलिस की ओर से नशे के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है।
ग्रामीण स्तर पर पंचायतों के साथ मिलकर युवाओं को नशे के खिलाफ जागरूक किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हमारा मिशन हर गांव को नशा मुक्त बनाना है।