नशा मुक्ति अभियान के तहत जिला पुलिस की टीम ने मंगलवार को गांव बिरही कलां में घर-घर जाकर लोगों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया। अभियान का मकसद परिवारों को नशे की पहचान, रोकथाम और इलाज से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी देना तथा स्थानीय स्तर पर समन्वय बढ़ाना रहा।
अभियान में नशा मुक्ति टीम प्रभारी निरीक्षक फूल सिंह और उनकी टीम ने मिलकर गांव की प्रत्येक गली और घर पर जाकर युवा, अभिभावकों व बुजुर्गों से संवाद किया। टीम ने नशे के लक्षण, नशा करने वालों की समय पर पहचान, परिवार की भूमिका और नशा छुड़ाने के लिए उपलब्ध सहायता सेवाओं की जानकारी साझा की। साथ ही बच्चों और किशोरों को लक्षित नशे की प्रवृत्तियों के बारे में चेतावनी दी गई और सामाजिक व शैक्षिक गतिविधियों के माध्यम से सकारात्मक विकल्प अपनाने पर जोर दिया गया।
पुलिस ने घर-घर जाकर नशे के खिलाफ गाइडलाइन, मानस हेल्पलाइन नंबर 1933 और नजदीकी उपचार केंद्रों की जानकारी दी। पुलिस ने कहा कि सामुदायिक भागीदारी और परिवारों की सक्रिय भूमिका से ही नशे को जड़ से खत्म किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि पुलिस गांवों में नियमित रूप से ऐसे अभियान जारी रखेगी।
ग्रामीणों से सहयोग की अपील
टीम की ओर से बताया गया कि पुलिस का उद्देश्य कानून-व्यवस्था बनाए रखना, नशीले पदार्थों के दुरुपयोग को रोकना और नागरिकों के साथ सामुदायिक भागीदारी बढ़ाकर सुरक्षित वातावरण बनाना है। पुलिस ने ग्रामीणों से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध घटना की तुरंत जानकारी दें और प्रभावित परिवारों को सहयोग प्रदान करें।