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पाइपलाइन डाली, मोटर ना चाल्यी.. रविदास नगर में जलभराव की स्थिति बरकरार

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चरखी दादरी। सीवर समस्याओं का मानसून से पहले समाधान न होने का खामियाजा अब शहरवासी भुगत रहे हैं। इसकी बानगी रविदास नगर में देखने को मिल रही है। यहां पानी निकासी के इंतजामात ध्वस्त हैं, जिसके चलते सड़कें व गलियां तालाब बनी हुई हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि लगातार पानी भरा रहने से मकानों की दीवारों में नमी की समस्या आ रही है जबकि रविवार सुबह हुई बारिश से तो गली व सड़कों का पानी उनके घरों के अंदर तक पहुंच गया था। परिवार के सभी सदस्यों ने अपने स्तर पर ही पानी निकाला। वहीं, लोगों ने बताया कि उनके वार्ड में हाल ही में पाइपलाइन डाली गई है, लेकिन मोटर न चल पाने से निकासी नहीं हुई है।
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दरअसल, रविदास नगर में सीवर लाइनों के पानी की आगे निकासी न होने की पुरानी समस्या है। इस समस्या को लेकर लोग जाम तक लगा चुके हैं। उस दौरान दिए गए आश्वासन पर जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों समेत जिला प्रशासन अब तक खरा नहीं उतर पाया है। स्थानीय लोगों के मन में इस बात की टीस है। सोमवार सुबह संवाददाता ने रविदास नगर पहुंचकर गलियों व सड़कों का जायजा लिया तो कई जगहों पर जलभराव की स्थिति मिली।
स्थानीय लोगों समेत वार्ड पार्षद से बातचीत की गई तो उन्होंने सीधे तौर पर जनस्वास्थ्य विभाग को इसका जिम्मेदर ठहराया। लोगों ने बताया कि रविवार सुबह तो रविदास नगर के कई घरों में बाढ़ जैसे हालात थे। रसोईघर से लेकर मकान के अंदर कमरों तक पानी पहुंच गया था। बारिश थमने के बाद ढाई से तीन घंटे पूरे परिवार ने कड़ी मशक्कत से पानी बाहर निकाला। लोगों का कहना है कि नकारा प्रबंधों से न केवल मकान के ढांचों को, बल्कि अंदर रखे सामान तक को नुकसान पहुंच रहा है। जनस्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन समाधान के बजाय लीपापोती में लगे हैं। उन्होंने अधिकारियों से मौके पर मुआयना करने की अपील की है, ताकि उनकी पीड़ा समझकर समाधान करवाने की कवायद जल्द शुरू हो।
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लोगों की परेशानी, उन्हीं की जुबानी
1. मैं मेहनत मजदूरी का काम करता हूं। बड़ी मुश्किल से घर बनाया है। हर बारिश में पानी घर के अंदर तक पहुंच जाता है, जबकि सामान्य दिनों में भी हमारी गली में पानी भरा रहता है। दीवारों में नमी आई हुई है और डर सता रहा है कि मुश्किल से बनाया आशियाना ढह न जाए।
- राजमल, वार्ड-14 निवासी।
2. बारिश के समय सड़क का पानी घर के अंदर तक पहुंचता है। इसके कारण घर में रखा सामान भी खराब हो जाता है। कई बार राशन व अन्य सामान खराब हो चुका है, लेकिन हालात नहीं सुधर रहे। अधिकारियों से गुहार है कि इस समस्या से हमें निजात दिलाएं।
- जितेंद्र, वार्ड-14 निवासी।
3. बारिश का पानी दुकान के अंदर घुस जाता है और पिछले कई मानसून सीजन से ऐसा हो रहा है। लंबा समय बीतने के बाद भी जनस्वास्थ्य विभाग व्यवस्था में सुधार नहीं कर पाया है। वार्ड के लोग बेहद परेशान हैं और अपने स्तर पर हर जगह शिकायत कर चुके हैं।
- रमानंद बंगाली, वार्ड-14 निवासी।
4. पानी की निकासी नहीं होने के कारण लोगों को आवागमन में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। मानसून के समय मक्खी-मच्छर पनपने से जलजनित बीमारी फैलने का डर सता रहा है। इस समस्या को लेकर कई बार अधिकारियों का अवगत करा चुके हैं।
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- सतबीर चौहान, पार्षद, वार्ड-14
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