- प्रदेश सरकार ने लिया निर्णय, आवेदक हरियाणा का स्थायी निवासी होना अनिवार्य
संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। प्रदेश सरकार ने 21 प्रकार की गंभीर बीमारियों से पीड़ित लोगों को दिव्यांग पेंशन उपलब्ध करवाने का निर्णय लिया है। राज्य सरकार के इस निर्णय की जानकारी दादरी उपायुक्त मुनीश शर्मा ने दी है। उन्होंने बताया कि इसके लिए आवेदक की आयु 18 वर्ष से अधिक होनी चाहिए। आवेदक हरियाणा का निवासी हो।
उपायुक्त ने बताया कि सरकार ने 3 मार्च 2025 को दिव्यांग पेंशन के लिए 21 बीमारियों को शामिल किया है। इनमें चलने-फिरने में असमर्थ दिव्यांग, कुष्ठ रोग, मस्तिष्क पक्षाघात, मांसपेशीय दुर्विकास, अंधापन, कम दृष्टि, श्रवण दोष, वाणी और भाषा दिव्यांगता, बौद्धिक दिव्यांगता, विशिष्ट अधिगम दिव्यांगता, ऑटिज्म स्पेक्ट्रम विकार, मानसिक बीमारी, दीर्घकालिक तंत्रिका संबंधी बीमारी, मल्टीपल स्कलेरोसिस, पार्किंसंस रोग, स्किल सेल रोग, बहु विकलांगता, हीमोफीलिया, थैलेसीमिया, एसिड अटैक पीडि़त एवं बौना आदि विकार शामिल हैं।
उन्होंने कहा कि इन बीमारियों से संबंधित पात्र व्यक्तियों को दिव्यांग पेंशन का लाभ दिया किया जाता है। दिव्यांग पेंशन का लाभ लेने के लिए सिविल सर्जन कार्यालय से 60 प्रतिशत या इससे अधिक दिव्यांगता का प्रमाणपत्र प्राप्त करना होता है। इस दिव्यांगता प्रमाणपत्र को परिवार पहचानपत्र में अपडेट करवाकर दिव्यांग पेंशन बनवाई जा सकती है।