चरखी दादरी। जिले में तैनात पटवारी और कानूनगो मंगलवार को भी सीट छोड़कर धरनास्थल पर डटे रहे। धरना दे रहे पटवारियों ने अपनी मांगों को पूरा करवाने के लिए सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर बुधवार को भी हड़ताल पर रहने का ऐलान किया। हड़ताल के कारण करीब 2,000 लोगों के विभागीय कामकाज नहीं हो पाए और मजबूरीवश उन्हें बैरंग लौटना पड़ा।
राज्य कार्यकारिणी के आह्वान पर द रेवेन्यू पटवार एवं कानूनगो एसोसिएशन के सदस्याें ने मंगलवार को दूसरे दिन भी दूसरे चरण का धरना दिया। धरने की अध्यक्षता करते हुए जिला प्रधान कुलबीर सांगवान ने बताया कि 32,100 की ग्रेड-पे बढ़ोतरी एक जनवरी 2016 से लागू करवाना और सर्कल बंदी का कार्य पूर्ण करवाना एसोसिएशन की मुख्य मांग है।
नायब तहसीलदारों की विभागीय परीक्षाएं वर्ष में दो बार आयोजित होने का प्रावधान है, लेकिन पिछले तीन वर्षों से आयोजित न होने से पदोन्नति की प्रक्रिया लंबित है। मुख्यमंत्री ने चार जनवरी 2023 को पटवारी एवं कानूनगो की एसोसिएशन से ग्रेड-पे की बढ़ोतरी का वादा किया था, लेकिन यह बढ़ोतरी एक जनवरी 2016 के बजाय 24 जनवरी 2023 से लागू की गई है। इसके विरोध में ही अब हड़ताल की जा रही है।
सर्वकर्मचारी संघ के राज्य कोषाध्यक्ष सुखदर्शन सरोहा, एसकेएस के जिला प्रधान कृष्ण ऊण, वरिष्ठ उपाध्यक्ष यशपाल सांगवान, जिला कोऑर्डिनेटर सतवीर सरोहा, सरपंच एसोसिएशन ब्लॉक बौंद खंड प्रधान विनोद सरपंच फौगाट, किसान प्रदेश अध्यक्ष सुनील पहलवान, हरियाणा कंप्यूटर प्रोफेशनल एसोसिएशन के जिला प्रधान अजय श्योराण, कपूर सिंह, संदीप, उमेद आदि ने मंगलवार को धरनास्थल पर पहुंचकर समर्थन दिया।
उन्होंने कहा कि पटवारी एवं कानूनगो एसोसिएशन की मांग बिल्कुल जायज है। एसोसिएशन आमजन के हित के लिए लड़ रही है। उपप्रधान पवन फौगाट ने मंच संचालन किया। जिला सहसचिव जोगेंद्र कलकल, कानूनगो रविंद्र शर्मा, संजय शर्मा, राजेश ढिल्लो, कुलबीर छिल्लर, बाढ़डा प्रधान रामभगत, संजीव श्योराण, अमित जांगड़ा, राजेश सांगवान, जसबीर पटवारी आदि धरनास्थल पर मौजूद रहे।
- 4,000 की जगह 1,400 पटवारियों से काम चला रही सरकार
कुलबीर सांगवान ने कहा कि प्रदेश में पटवारियों के 4,000 पद हैं जबकि सरकार 1,400 पटवारी से काम चला रही है। उन्होंने सरकार से एसोसिएशन मांग शीघ्र पूरी कर जनता को बेहतर सुविधा दिलाने की मांग की। उन्होंने एसोसिएशन को आश्वासन दिया कि उनकी मांग पूरी होने तक वे एसोसिएशन के साथ खड़े रहेंगे।
लोग बोले : सरकार और पटवारियों की लड़ाई में पिस रही जनता
तहसील कार्यालय पहुंचे दीपेश, भूपेंद्र, शमशेर, करतार, दीपक, सज्जन, प्रदीप, सुनीता, चांदनी, कमला आदि ने बताया कि पिछले एक सप्ताह से उनके विभाग संबंधी काम लंबित हैं। घर से आकर वह कार्यालयों के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन पटवारी हड़ताल पर होने से काम नहीं बन पा रहे। उन्होंने कहा कि सरकार और पटवारियों की आपसी खींचतान में आमजन पिस रहा है। लोगों के जरूरी काम अटके हैं जबकि सरकार संज्ञान लेकर हड़ताल खत्म करने का रास्ता नहीं निकाल रही।