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Charkhi Dadri News: उपमंडल बनने के 8 साल बाद भी बाढड़ा स्टैंड से लंबे रूटों पर नहीं चलतीं बसें

Sat, 07 Dec 2024 10:52 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
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बाढड़ा उपमंडल में बना बस स्टैंड। संवाद
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बाढड़ा मांगे हक::
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15 साल पुराने बस स्टैंड को सब डिपो का दर्जा मिलने के बाद ही बसों का संचालन हो पाएगा शुरू
फिलहाल परिवहन सेवाओं की कमी से जूझ रही तीन लाख की आबादी

रमेश शांडिल्य

बाढड़ा। उपमंडल बाढड़ा को 8 साल बाद भी रोडवेज सब डिपो का दर्जा नहीं मिल पाया है। इसके चलते यहां से किसी भी लंबे रूट पर बस का संचालन नहीं हो पा रहा है। उपमंडल के लोग इस समय दादरी डिपो और लोहारू सब डिपो से संचालित होने वाली बसों पर निर्भर हैं। परिवहन सेवाओं की कमी से अब बाढड़ा बस स्टैंड को सब डिपो का दर्जा देने की मांग उठी है।
भाजपा सरकार ने अपनी पहली पारी के दौरान वर्ष 2016 में दादरी को जिला और बाढड़ा को उपमंडल बनाया था। उस दौरान लोहारू सब डिपो चरखी दादरी डिपो के अधीन था। फिलहाल, भिवानी डिपो के अधीन हो गया है। दादरी जिले में एक भी सब डिपो नहीं है। अगर जिले में एक सब डिपो बनाया जाए तो डिपो के बेड़े में बसों की संख्या बढ़ेगी। इसका असर सीधे तौर पर परिवहन सेवाओं पर पड़ेगा।
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बाढड़ा बस स्टैंड करीब 15 साल पुराना है। यहां से एक भी बस का संचालन नहीं होता है। दादरी डिपो और लोहारू सब डिपो से चलने वाली बसें बाढड़ा होकर गुजरती हैं। इन बसों में ही यात्री सफर करते हैं। वहीं, अगर निर्धारित समय पर लंबे रूट की बस छूट जाती है तो फिर गंतव्य पर कई बसें बदलकर यात्रियों को पहुंचना पड़ता है। उपमंडलवासियों को बेहतर परिवहन सेवाएं देने के लिए सरकार को अब बाढड़ा बस स्टैंड को सब डिपो का दर्जा देना चाहिए। संवाद

दैनिक यात्री बोले : सब डिपो का दर्जा मिलने से बेहतर होंगी परिवहन सेवाएं
बाढड़ा बस स्टैंड से बसों में सफर करने वाले दैनिक यात्री नवीन, अशोक, अजीत, बंटी, सोहनलाल, गिरधारी और जितेंद्र का कहना है कि बाढड़ा बस स्टैंड करीब 15 साल पुराना है। लंबे रूटों की बसों का यहां से संचालन नहीं होता है। सरकार को उपमंडल की तर्ज पर परिवहन सेवाओं का जनता को लाभ देने के लिए बाढड़ा को रोडवेज सब डिपो बनाना चाहिए। इससे परिवहन सेवाएं बेहतर होंगी।




- इन लंबे रूटों पर नहीं चलतीं बसें

बाढड़ा बस स्टैंड से सीधी दिल्ली, चंडीगढ, नारनौल, हिसार, रेवाड़ी, गुरुग्राम और राजस्थान के लिए सीधी बस सेवा नहीं है। लोहारू सब डिपो और दादरी डिपो से ही इन रूटों की बसों का संचालन होता है। ये बाढड़ा से गुजरते वक्त यात्रियों को लेकर रवाना होती हैं।

- बाढड़ा से इन लोकल रूटों पर भी बसें चलाने की जरूरत
बाढड़ा से ढिगावा रूट, कादमा रूट, हड़ोदी व कालूवाला होते हुए भिवानी रूट पर बस संचालन की दरकार है। इसके अलावा द्वारका, श्यामकलां, कारी, आर्यनगर, खोरडा रूट आदि रूटों पर बस संचालन की जरूरत है।


लोग बोले : परिवहन सेवाओं की खल रही कमी, सरकार दे ध्यान

- बाढड़ा को अगर रोडवेज सब डिपो का दर्जा मिल जाए तो लोगों को बेहतर परिवहन सेवाएं मिलेंगी। सरकार ने जैसे उपमंडल बनाकर लोगों को सौगात दी, वैसे ही अब सब डिपो का दर्जा देने की मांग पूरी करनी चाहिए।
-गिरधारी लाल, मोद


- बाढड़ा बस स्टैंड से किसी लोकल या लंबे रूट पर बस का संचालन नहीं होता है। दादरी डिपो और लोहारू सब डिपो की बसें ही बाढड़ा होकर गुजरती हैं। उस दौरान अगर बस छूट गई तो फिर कोई विकल्प नहीं रहता।

-जितेंद्र, डांडमा


- लोगों को रोजमर्रा के कार्य के लिए बाढड़ा आना पड़ता है। लेकिन, लोकल रूटों पर बसें नहीं चलने से लोग परेशान हैं। सरकार को परिवहन सेवाओं में विस्तार कर लोगों को राहत देने के लिए बाढड़ा को सब डिपो बनाना चाहिए।
-राजेश कुमार, डांडमा


- ग्रामीण क्षेत्र में लोकल रूट पर बसें नहीं चलने के कारण स्कूल व काॅलेज आते-जाते समय विद्यार्थियों को परेशानी झेलनी पड़ती है। वहीं, उपमंडलवासियों को अगर लंबे रूट पर यात्रा करनी हो तो भी परेशानी झेलनी पड़ती है।
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-अजीत कुमार, गोपी


वर्सन:
बाढड़ा में बस स्टैंड जरूर है, लेकिन इसे सब डिपो का दर्जा नहीं मिला है। बसों का संचालन सब डिपो या डिपो स्तर पर होता है। फिलहाल, लोहारू सब डिपो और दादरी डिपो से चलने वाली बसें बाढड़ा बस स्टैंड से यात्रियों को लेकर रवाना होती हैं।
-सत्येंद्र कुमार, प्रभारी, बाढड़ा बस स्टैंड




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बाढड़ा उपमंडल में बना बस स्टैंड। संवाद
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बाढड़ा बस स्टैंड परिसर में लगा शिलान्यास बोर्ड। संवाद
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गिरधारी लाल।
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जितेंद्र।
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राजेश।
फोटो 15 अजीत।
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