चरखी दादरी। रक्षाबंधन पर्व पर बाजार सज चुके हैं और लोगों की चहल-पहल भी पूरी है। शहर के विभिन्न मार्गों पर राखियों की स्टॉले सजी हैं जहां पर महिलाएं खरीददारी कर रही हैं। बड़ों में सामान्य राखी जबकि बच्चों में कार्टून और लाइट वाली राखियों की डिमांड अधिक है। राखी विक्रेताओं के अनुसार एक स्टॉल पर प्रतिदिन 10 हजार की राखी बिक रही हैं जबकि ऐसी शहर में 50 स्टॉले हैं। इस लिहाज से तीन दिन में करीब 15 लाख का कारोबार होने की उम्मीद है।
स्टॉल पर पांच से लेकर 200 रुपये तक की राखी मिल रही हैं। दुकानदारों का कहना है कि इस बार बच्चों को लुभाने के लिए पबजी, छोटा भीम, डोरेमोन, मोटू-पतलू व लाइटों वाली राखी मंगा रखी हैं। वहीं, इसके अलावा भाई-भाभी, लूंबा, कंगन राखी, लंबे मोती की राखी, रूद्राक्ष, ब्रास्लेट की राखी बाजार में उपलब्ध हैं।
होलसेल दुकानदार कैलाश बिंदल ने बताया कि बाजार में सबसे महंगी स्टोन की राखी बिक रही है। उन्होंने बताया कि छोटे हीरानुमा नग वाली राखी की कीमत 200 रुपये है। उन्होंने बताया कि पिछले दो साल के मुकाबले इस बार अच्छा कारोबार होने की उम्मीद है। इस साल व्यापारियों ने चाइनीज राखियों की जगह स्वदेशी राखियां ही खरीदी हैं।
-जानिये..किस कीमत में मिल रही कौन-सी राखी
राखी का नाम -बाजार भाव
लूंबा- 20 से 100
भाई भाभी - 100 से 200
कंगन- 20 से 100
ब्रास्लेट- 30 से 200
लाइट- 30 से 200
रूद्राक्ष- 50 से 200
स्टोन- 30 से 200
गणेश - 5 से 50
बाजार में 15 से अधिक होलसेल की दुकानें
शहर में 15 से अधिक राखियों के होलसेल की दुकानें हैं जबकि 50 से अधिक स्टॉलों पर भी राखियां बेची जा रही हैं। रेलवे रोड, प्राचीन शिव मंदिर, पुराना बस स्टैंड, पुरानी सब्जी मंडी आदि क्षेत्रों में होलसेल की दुकानें हैं और यहां 15 दिन पहले ही खरीददारी शुरू हो गई थी।