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Charkhi Dadri News: चार ऑयल मिलों के स्टाॅक रजिस्टर में मिली गड़बड़ी

Mon, 24 Apr 2023 10:49 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
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मिल में रखे सरसों के स्टॉक की जांच करती टीम।
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चरखी दादरी। मार्केटिंग बोर्ड अधिकारियों ने शहर के अलग-अलग भागों में स्थित ऑयल मिलों में निरीक्षण किया। इस दौरान कई मिलों में स्टॉक रजिस्टर में गड़बड़ी और मार्केट फीस में चोरी की बात सामने आई। आठ घंटे तक चली कार्रवाई के दौरान टीम ने चार मिल संचालकों पर 21 हजार रुपये जुर्माना लगाया जबकि 42 हजार रुपये मार्केट फीस भरवाई। कुरुक्षेत्र, सोनीपत व रोहतक से मार्केटिंग बोर्ड के अधिकारी कार्रवाई का हिस्सा रहे।
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पिछले करीब 15 दिनों से सरसों की सरकारी खरीद का कार्य चल रहा है। सरसों की सरकारी खरीद का आंकड़ा कम रहने के चलते सरकार अब हरकत में आई। राज्य भर में 10 लाख मीट्रिक टन सरसों की कम खरीद होने पर कृषि मंत्री ने ऑयल मिलों में चेकिंग करवाने की बात कही। सरकार को संदेह है कि सरसों ऑयल मिलों में ज्यादा बिक रही है जिससे सरकार को टैक्स की चोरी हो रही है और सरकार का सरसों का स्टॉक खाली पड़ा है। इसे देखते हुए सरकार ने सीमित जिलों में ऑयल मिलोंं में जांच के निर्देश दिए थे।
सरकार के निर्देशों की पालना करते हुए सोमवार को मार्केट कमेटी कार्यालय में कुरुक्षेत्र, सोनीपत व रोहतक से मार्केटिंग बोर्ड अधिकारी पहुंचे और दादरी मार्केट कमेटी सचिव परमजीत नांदल व सहसचिव विकास को साथ लेकर ऑयल मिलों में जांच शुरू की।
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- इन ऑयल मिलों पर दी गई दबिश शहर के कनीना रोड स्थित बालाली ऑयल मिल, लक्ष्मी ऑयल मिल, संतोषी ऑयल मिल और राज कॉटन मिल में सोमवार को टीम ने दबिश दी। एक मिल में निर्धारित से 500 क्विंटल सरसों का अधिक स्टॉक पाया गया। इसके अलावा एक मिल में 100 क्विंटल, एक में 84 क्विंटल सरसों निर्धारित स्टॉक मिला।

- टीम में ये रहे शामिल
ऑयल मिलों की जांच करने पहुंची टीम में कुरुक्षेत्र से डीएमईओ राजीव चौधरी, सुपरिटेंडेंट ऑफ इंजीनियर नवीन कुमार, दादरी मार्केट कमेटी सचिव परमजीत नांदल व सह सचिव विकास कुमार आदि शामिल रहे।

- सरकारी पोर्टल पर बिक्री करने से यूं कतरा रहे किसान
पिछले दिनों मुख्यमंत्री ने बयान दिया था कि बारिश एवं ओलावृष्टि से नुकसान का मुआवजा फसल की औसत पैदावार देखकर दिया जाएगा। किसानों ने क्षतिपूर्ति पोर्टल पर मुआवजा के लिए आवेदन कर रखा है। सीएम के बयान के अनुसार जो किसान सरकारी पोर्टल के माध्यम से बिक्री करेगा उसकी पैदावार के डाटा का मिलान किया जाएगा। उसके बाद ही किसान को मुआवजा दिया जाएगा। ऐसे में काफी संख्या में किसान सरकारी पोर्टल पर सरसों की बिक्री करने से कतरा रहे हैं।

सोमवार को चार ऑयल मिलों में दबिश दी गई। इस दौरान मार्केट फीस की चोरी पकड़ी गई जबकि स्टॉक से ज्यादा सरसों भी पाई गई। इसकी एवज में मिल संचालकों पर 21 हजार रुपये जुर्माना लगाया गया जबकि 42 हजार मार्केट फीस भरवाई गई।
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-परमजीत नांदल, सचिव, मार्केट कमेटी

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