चरखी दादरी। चिड़िया रोड पर स्थित नई अनाजमंडी में सरसों की खरीद जोरों पर है। गेट पास कटवाने के लिए सुबह से ही किसान ट्रैक्टर में सरसों लेकर पहुंच रहे हैं। किसानों को गेट पास कटवाने में सात से आठ घंटे लग रहे हैं। इससे किसानों में रोष है। वीरवार सुबह करीब 11 बजे गेट पास कटवाने के दौरान विवाद की स्थिति उत्पन्न हुई। लाइन में लगे एक किसान ने रोष जताते हुए एसडीएम से कहा कि साहब आप तो खाना खाकर आए हैं, लेकिन हम तो सुबह से खाली पेट लाइन में लगे हैं।
बता दें कि रबी फसलों का कटान जोरों पर है। फिलहाल जिले में सरसों की कटाई का कार्य 90 प्रतिशत तक पूरा हो चुका है। किसान मशीनों से सरसों निकालकर बेचने के लिए अनाजमंडी में पहुंच रहे हैं। वीरवार सुबह भी मंडी में सरसों बेचने के लिए पहुंचे किसानों में उस समय आक्रोश देखने को मिला जब एक किसान ने एक अन्य व्यक्ति पर 6 टोकन कटवाने का आरोप लगाया। थोड़ी देर वहां पर अफरा-तफरी की स्थिति बनी रही। मौके पर तैनात पुलिसकर्मी ने मामले को समझा-बुझाकर शांत करवाया और टोकन कटवाने शुरू करवाए।
फसल बेचने आए किसानों में रोष
अनाज मंडी में सरसों बेचने आए किसानों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। टोकन कटवाने के लिए भूखे प्यासे किसानों को अलसुबह ही मंडी के बाहर ट्रैक्टरों की लंबी लाइन में लगकर अपनी बारी का इंतजार करना पड़ रहा है। घंटों तक लंबी लाइन में लगने के बाद भी समय पर टोकन नहीं कटने से उनमें मार्केट कमेटी के खिलाफ रोष बना हुआ है।
एसडीएम पहुंचे व्यवस्थाओं का जायजा लेने
किसानों की हालात का जायजा लेने पहुंचे एसडीएम नवीन कुमार ने ने मंडी परिसर का दौरा कर वहां मिलीं अनियमितताओं को संबंधित को जल्द दूर करने के आदेश जारी किए हैं। किसानों को होने वाली परेशानियों को देखते हुए वीरवार को एसडीएम नवीन कुमार ने परिसर का दौरा कर किसानों से बात की। किसानों का कहना था, कि वो अलसुबह खाली पेट भूखे प्यासे टोकन कटवाने के लिए कतार में खड़े होते हैं, लेकिन मंडी कर्मचारियों की लापरवाही के चलते उनका नंबर आने में 8 घंटे तक का समय लग जाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि गेट पास काटने वाले कर्मचारी अपने चहेतों के 6-6 गेट पास काट रहे हैं।
उठान प्रक्रिया भी लगातार जारी
मंडी परिसर में लगातार सरसों की ढेरियों की संख्या बढ़ने से खरीद एजेंसी उठान प्रक्रिया पर भी जोर दे रही है। बुधवार को मंडी परिसर में 868 किसानों ने गेटपास कटवा कर 18,397 क्विंटल सरसों की आवक दर्ज की थी। वहीं खरीद शुरू होने के बाद से सरसों आवक का कुल आंकड़ा 89,818 क्विंटल तक पहुंच गया। खरीद एजेंसी हैफेड 28,940 क्विंटल सरसों ही खरीद पाई है। मंडी में भीड़ कम करने के लिए एजेंसी द्वारा उठान प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। एजेंसी ने बुधवार को 4800 क्विंटल सरसों का उठान कर गोदामों तक पहुंचा दिया है।
क्या बोले किसान-
मंडी का गेट खुलने से पहले सुबह 5 बजे सरसों से भरी ट्रैक्टर ट्रॉली कतार में लगाई थी। लेकिन टोकन कटवाने में 7 घंटे का समय लग गया। टोकन काटने वाले कर्मचारी अपने चहेतों का पहले नंबर लगा उनके टोकन काट रहे हैं।
-प्रवीन कुमार, किसान, गांव झिंझर
सुबह 4 बजे से लाइन में लगा हुआ हूं, लेकिन टोकन काटने का नंबर दोपहर 12 बजे आया है। स्थानीय कर्मचारी आढ़तियों की मिली भगत से टोकन काट रहे हैं। खेतों में गेहूं की कटाई भी करनी है, लेकिन पूरा समय सरसों को मंडी तक पहुंचाने में लग रहा है।
-मनीत कुमार, किसान. गांव लोहरवाड़ा
मंडी के सभी कर्मचारियों को आदेश दिए हैं कि सरसों खरीद के दौरान किसी भी किसान को कोई परेशानी नहीं उठानी पड़े। मंडी परिसर में लगे चारों धर्मकांटों पर वजन करवाकर टोकन काटने पर विचार किया जा रहा है, ताकि किसानों को लंबी कतार में नहीं लगना पड़े।
-नवीन कुमार, एसडीएम, चरखी दादरी।