शहर व गांवों के जिन वार्डों में अधिक कोरोना संक्रमित मिल रहे हैं, उनमें कोविड केयर सेंटर बनाए जाएंगे, ताकि मरीजों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। इसके साथ ही सरकारी अस्पताल में वेंटिलेटर को चलाने के लिए निजी अस्पताल में विशेषज्ञ की मदद ली जाएगी। इसके लिए आईएमए के सदस्यों को दो निजी अस्पतालों के डॉक्टर्स की ड्यूटी लगाने कहा गया है। यह निर्देश उपायुक्त राजेश जोगपाल ने लोक निर्माण विभाग के विश्राम गृह के सभागार में आयोजित जिला स्तरीय आपदा प्रबंधन समिति की बैठक में दिए।
उन्होंने कहा कि दूसरी लहर में कोरोना का संक्रमण बहुत तेजी से फैल रहा है। इसके लिए हम सबको सरकार की कोरोना से सुरक्षा को लेकर जारी हिदायतों का पालन करना है। जिले में कोरोना से निपटने के लिए पर्याप्त संसाधन है। दादरी में ऑक्सीजन की कोई कमी नहीं है। जिला में 88 सिलिंडर हैं जो भरे हुए हैं और जल्द ही 44 नए सिलिंडर भी आ जाएंगे। इसके साथ ही शहर व गांवों के जिन वार्डों में अधिक पॉजिटिव केस आ रहे हैं। उन वार्डों में कोविड केयर सेंटर बनाए जाएंगे, ताकि मरीजों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। इसके अलावा ज्यादा कोरोना संक्रमित मिलने वाले क्षेत्र मेें पुलिस की डय़ूटी लगाकर मिनी कंटनमेंट जोन बनाए जाएंगे। उपायुक्त ने बैठक में उपस्थित आईएमए की टीम के सदस्यों से अपील करते हुए कहा कि वे दादरी के नागरिक अस्पताल में वेंटिलेटर चलाने के लिए दो निजी अस्पतालों के डॉक्टर की ड्यूटी लगाएं, क्योंकि दादरी सरकारी अस्पताल में वेंटिलेटर चलाने के लिए कोई भी स्पेशलिस्ट नहीं है और मरीज की हालत ज्यादा खराब होने पर उन्हें रोहतक या हिसार भेजना पड़ता है। इस अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण चरखी दादरी की सचिव एवं मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी शिखा, एसडीएम डॉ. विरेंद्र सिंह, सीटीएम अमित मान, सीएमओ डॉ. सुदर्शन पंवार, जिला शिक्षा अधिकारी जयप्रकाश सभ्रवाल, खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी सुभाष शर्मा, नगरपरिषद सचिव प्रशांत परासर, पशुपालन विभाग के उपनिदेशक डॉ. जसवंत, महिला एवं बाल विकास अधिकारी गीता सहारन, जिला नगर योजनाकार नीलम शर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी व जिला के डॉक्टर उपस्थित रहे।
संक्रमित मिलने पर घबराएं नहीं, डॉक्टर की सलाह से लें उपाचार
उपायुक्त ने कहा कि लोगों में यह भी जागरूकता लाने की जरूरत है कि प्रत्येक व्यक्ति को ऑक्सीजन की जरूरत नहीं होती। इसलिए पॉजिटिव आने वाला व्यक्ति ज्यादा घबराए नहीं और अपने घर पर रहकर डॉक्टर की सलाह से अपना उपचार ले। एक मई से 18 साल व इससे अधिक आयु के युवाओं को वैक्सीन लगनी शुरू हो जाएगी। इसके लिए वैक्सीन लगाने के लिए आगे आएं।
50 प्रतिशत से अधिक सवारी न बैठाएं ऑटो व कॉमर्शियल वाहन चालक
उपायुक्त ने कहा कि कोरोना से बचाव के लिए सुरक्षा हिदायतों कोे पालन करना जरूरी है। इसके लिए शोरूम में स्टाफ मास्क पहनकर रखे और दो गज की दूरी का पालन किया जाए। एक दिन में 50 प्रतिशत स्टाफ ही काम पर आए। शहर में ऑटो व अन्य कॉमर्शियल वाहनों में निर्धारित संख्या के 50 प्रतिशत से अधिक सवारी ना बैठाएं। गांव व शहर के बाजार में चेकिंग के लिए टीमें बढ़ाई जाएंगी और बिना मास्क घूमने वाले व कोविड गाइडलाइन का पालन न करने वाले लोगों के चालान काटे जाएंगे। चालान को न मानने वाले व्यक्ति के खिलाफ आपदा प्रबंधन अधिनियम की धारा 188 के तहत मुकदमा दर्ज किया जाएगा।