चरखी दादरी। हरियाणा के सरकारी विद्यालयों में कक्षा तीसरी से बारहवीं तक की अर्धवार्षिक परीक्षाएं 25 सितंबर से शुरू होंगी। विद्यालय शिक्षा निदेशालय ने परीक्षाओं को सुचारू और व्यवस्थित ढंग से करवाने के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। परीक्षा की तिथियों में पहले दो बार बदलाव किए जा चुके हैं जिसके बाद अब नवीनतम कार्यक्रम जारी हुआ है।
निदेशालय ने 24 सितंबर को सभी जिला शिक्षा अधिकारियों और जिला मौलिक शिक्षा अधिकारियों को निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों में परीक्षा व्यवस्था की नियमित निगरानी करने को कहा गया है। अधिकारियों को निर्धारित परीक्षा कार्यक्रम और विभागीय दिशा-निर्देशों का पूरी तरह पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था से बचने के लिए जिला और खंड स्तर पर निगरानी मजबूत रखने को कहा गया है।
दादरी जिले के तीनों खंडों बाढड़ा, बौंद कलां और दादरी के लिए प्रश्न-पत्र उपलब्ध करवा दिए गए हैं। संबंधित विद्यालय अपने क्लस्टर के माध्यम से प्रश्न-पत्र प्राप्त करेंगे। परीक्षा सामग्री की गोपनीयता और प्रश्न-पत्रों व उत्तर पुस्तिकाओं की सुरक्षा के लिए आवश्यक इंतजाम किए गए हैं। विद्यालयों को सामग्री का समय पर वितरण सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
खंड स्तर पर निगरानी और व्यवस्था
संबंधित खंड शिक्षा अधिकारियों को अपने खंडों में परीक्षा व्यवस्था पर नियमित नजर रखने को कहा गया है। उन्हें यह सुनिश्चित करना होगा कि सभी विद्यालयों में परीक्षाएं निर्धारित तिथि और समय पर आयोजित हों। विद्यालय मुखियाओं को भी परीक्षा संचालन में लापरवाही न बरतने के निर्देश दिए गए हैं। उन्हें विभागीय दिशा-निर्देशों का पालन करने को कहा गया है।
नियमित शिक्षण कार्य रहेगा जारी
विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिस दिन किसी कक्षा की परीक्षा नहीं होगी, उस दिन नियमित शिक्षण-अधिगम कार्य जारी रहेगा। इसका अर्थ है कि परीक्षा के कारण विद्यालयों में पूरी तरह पढ़ाई बंद नहीं होगी। इसी प्रकार, किसी कक्षा की परीक्षा समाप्त होने के बाद भी उसकी नियमित पढ़ाई बिना किसी व्यवधान के जारी रखी जाएगी। यह सुनिश्चित करेगा कि छात्रों की पढ़ाई प्रभावित न हो।
वर्सन:
सभी बीईओ, विद्यालय मुखियाओं और संबंधित अधिकारियों से आपसी समन्वय के साथ परीक्षा संचालन सुनिश्चित करने काे कहा है। विभाग का उद्देश्य है कि जिले के सरकारी विद्यालयों में अर्धवार्षिक परीक्षाएं शांतिपूर्ण और निष्पक्ष वातावरण में निर्धारित समय-सारिणी के अनुसार संपन्न हों। - धर्मेंद्र चौधरी, जिला शिक्षा अधिकारी