चरखी दादरी। शहर निवासी एक फार्मासिस्ट को ठगों ने टास्क की गोली देकर 2.12 लाख रुपये की चपत लगा दी। पीड़ित को शुरू में रुपये देकर टास्क जीतने का लालच दिया गया और बाद में हर बार नए बहाने से ठग रुपये लेते रहे। अब पीड़ित की शिकायत पर दादरी साइबर थाना पुलिस ने अज्ञात पर केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पुलिस को दी शिकायत में तरुण ने बताया कि वह मेडिकल स्टोर संचालक हैं। एक नवंबर को उनके पास होटल प्रमोशन के लिए व्हाट्सएप पर संदेश आया। इसमें कुछ जानकारी देने के बाद आरोपी ने टेलीग्राम पर टास्क जीतने की जानकारी दी। तरुण ने टास्क जीता तो पहली बार उन्हें 150 रुपये मिले। अगले दिन उन्हें 2,000 के टास्क में 2,700 रुपये मिले।
इसके बाद लालच आने पर आरोपियों ने 5,000 रुपये का टास्क ले लिया लेकिन आरोपियों ने इस टास्क के रुपये नहीं भेजे और टास्क पूरा करने के लिए उनसे रुपये मांगते रहे। इस दौरान उसने 23,000 रुपये, 50,000, 86,000, 58,000 रुपये ट्रांसफर करवा लिए।
इसके बाद उन्होंने जांच के आधार पर 10,000 रुपये उसके खाते में ट्रांसफर कर दिए। जब उसने अपनी राशि निकलवानी चाही तो रुपये नहीं निकले। यह रुपये निकलवाने के लिए ठगों ने उनसे और अधिक रुपये भेजने के लिए कहा। इसके बाद ठगी का पता चलने पर तरुण ने पुलिस को शिकायत देकर रुपये बरामद कराने की मांग की।
धोखाधड़ी का तीसरा आरोपी गिरफ्तार
झोझूकलां। गांव कलियाणा निवासी व्यक्ति से क्रेडिट कार्ड की लेनदेन सीमा बढ़ाकर ठगी के मामले में पुलिस ने तीसरे आरोपी को गिरफ्तार किया है। उसकी पहचान गाजियाबाद निवासी मोहित पाल के रूप में हुई है जबकि उसके दो साथियों को पुलिस पहले ही दबोच चुकी है।
पुलिस प्रवक्ता पवन कुमार ने बताया कि साइबर पुलिस को मार्च में शिकायत मिली थी। इसमें कलियाणा निवासी दलबीर ने बताया कि वह बिजली निगम में कार्यरत हैं। एक अनजान महिला ने 30 मार्च को उनके पास फोन कर स्वयं को आईसीआईसीआई बैंक की कर्मचारी बताया।
उसने पीड़ित से कहा कि आपके क्रेडिट कार्ड का रिकॉर्ड ठीक है। इसलिए हम आपके कार्ड की लेनदेन सीमा बढ़ाने का ऑफर दे रहे हैं। उसने कहा कि मेरे पास एचडीएफसी बैंक का कार्ड है। इसके बाद में महिला ने उनका पैन कार्ड नंबर, जन्म तिथि, माता-पिता का नाम पूछा और बिना किसी चार्ज के कार्ड की लिमिट पांच लाख करने की सूचना दी।
आरोपी महिला ने उनके पास व्हाट्सएप पर अपना आई कार्ड और एक लिंक भेज दिया। जब उन्होंने लिंक पर क्लिक किया तो आईआईसीआई बैंक की वेबसाइट खुली। इसके बाद महिला ने उन्हें झांसे में लेकर वेबसाइट पर क्रेडिट कार्ड नंबर और सीवीवी नंबर भरवा लिए। इससे उनका फोन हैक हो गया। इसी दौरान उनके खाते से 36,467 रुपये अवैध रूप से निकाल लिए गए। थोड़ी देर बाद जब उन्होंने फोन चेक किया तो रुपये निकालने का संदेश मिला। अब पुलिस ने इस मामले के आरोपी मोहित को गिरफ्तार कर उससे पूछताछ शुरू कर दी है।