बाढड़ा। गांव हड़ौदी के ग्रामीण लंबे समय से मूलभूत सुविधाओं का अभाव झेल रहे हैं। करीब 2900 की आबादी वाले गांव में सार्वजनिक भवन की कमी भी है। ग्रामीणों को कहना है कि लंबा समय बीतने के बाद भी गांव में दूषित पानी की निकासी और कच्ची गलियों आदि की समस्या बनी हुई है।
गांव में चौपाल और पशु अस्पताल भवन जर्जर हो चुका है। ग्रामीणों ने सरकार व प्रशासन से समस्याओं और सेवाओं की कमी पर संज्ञान लेते हुए समाधान करने की मांग की है।
हड़ौदी बाढड़ा उपमंडल का गांव है। गांव की कई गलियां लंबे समय से कच्ची पड़ी हैं। ग्रामीण लगातार निर्माण की मांग उठा रहे हैं। इतना ही नहीं, गांव में दूषित पानी की निकासी के भी पुख्ता प्रबंध नहीं हैं। इससे गलियों में दूषित पानी भरा है। जलभराव से ग्रामीणों को आवागमन में परेशानियों से दो-चार होना पड़ रहा है। वहीं, वातावरण भी दुर्गंधमय बना रहता है।
ग्रामीण जगवीर चांदनी, ईश्वर, राजेश, धर्मपाल, पवन, संदीप, सुरेश कुमार, संजय आदि ने बताया कि मूलभूत सुविधाओं और दूषित पानी की निकासी जैसी समस्याओं से हमें परेशान होना पड़ रहा है। लंबा समय बीतने के बाद भी सरकार और प्रशासन गांव में बनी सार्वजनिक भवनों की कमी दूर नहीं कर पाई है। इसका खामियाजा ग्रामीण भुगत रहे हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि दूषित पानी के लिए जो तालाब बनाया गया है, वह पिछले काफी समय से ओवरफ्लो हो रहा है। इससे हर समय दुर्गंध बनी रहती है।