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Charkhi Dadri News: तापमान चढ़ने से 100 लाख यूनिट पहुंची बिजली की दैनिक खपत

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चरखी दादरी। दिन व रात का पारा चढ़ने पर बिजली की प्रतिदिन की खपत 70 से बढ़कर 100 लाख यूनिट तक पहुंच गई है। पावर सब स्टेशनों में लगे मेन पावर ट्रांसफार्मरों पर भी इसके चलते लोड बढ़ गया है और लोड कम करने के लिए एक निश्चित अंतराल के बाद पावर कट लगाने पड़ रहे हैं ताकि लोड के चलते पावर ट्रांसफार्मर में फॉल्ट न आए। बिजली निगम के अधिकारियों के अनुसार लोड ज्यादा बढ़ने पर पावर ट्रांसफार्मर के जलने का खतरा बढ़ जाता है। खास बात ये है कि रात 10 बजे के बाद लोड बढ़ना शुरू हो जाता है जो दो बजे तक बना रहता है। ऐसे में कर्मचारी रातभर सतर्क रहते हैं।
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शहर में रात के समय पावर सब स्टेशन का लोड 730 एम्पीयर तक पहुंच जाता है जबकि पावर सब स्टेशन 740 एम्पीयर तक ही लोड झेलने में सक्षम है। दिन के समय की बात करे तो लोड 700 एम्पीयर तक पहुंंच जाता है। बिजली निगम को रात के समय तीन से चार बार पावर कट लगाने पड़ रहे हैं। गर्मी में बिजली-पानी ही लोगों की प्रमुख मूलभूत जरूरत बने हुए हैं।



शहर में 12 फीडर के जरिये बिजली की आपूर्ति की जाती है। फीडर तो इस समय ठीक काम कर रहे हैं। शहर में 1300 बिजली ट्रांसफार्मर लगे हुए हैं। इसके अलावा 860 छोटे लाल रंग के ट्रांसफार्मर भी लगे हुए हैं। लाल रंग के एक ट्रांसफार्मर से 20 से 25 घरों में ही बिजली आपूर्ति की जाती है जबकि बड़े एक ट्रांसफार्मर से 200 घरों तक बिजली आपूर्ति की जाती है।
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बता दे कि गर्मी में बिजली और पानी की किल्लत ज्यादा होती है। पेयजल का भी संकट बना हुआ है। पिछले कुछ दिनों से बिजली की खपत ज्यादा बढ़ने लगी है। शहर के रेलवे रोड स्थित पावर सब स्टेशन पर इस समय लोड बना हुआ है। लोड बढ़ने पर पावर कट लगाने पड़ रहे हैं। यह पावर कट दिन के बजाय रात के समय ज्यादा लग रहे हैं।



रेलवे रोड सब स्टेशन के ट्रांसफार्मर से हाेती है शहर में आपूर्ति

रेलवे रोड पावर सब स्टेशन में एक मेन पावर ट्रांसफार्मर लगा हुआ है। इसके जरिये बिजली आपूर्ति की जाती है। पावर सब स्टेशन की अधिकतम लोड झेलने की क्षमता 840 एम्पीयर तक है। रात 10 से दो बजे के बीच यह लोड 830 एम्पीयर तक पहुंच जाता है। इस प्रकार 800 से ऊपर लोड पहुंचते ही पावर कट लगाना पड़ता है ताकि मेन पावर ट्रांसफार्मर पर लोड न पड़े और इसमें खराबी न आ जाए। इसके जलने का भी खतरा बना रहता है।

- दिन में कम, रात के समय अधिक रहता है लोड

दिन के समय पावर सब स्टेशन का लोड मुश्किल से 650-700 एम्पीयर के बीच बना रहता है जिससे लोड का खतरा नहीं रहता है। इस स्थिति में अब सब स्टेशन कर्मचारियों को सतर्क रहना पड़ रहा है। बिजली निगम के जूनियर स्तर के अधिकारियों का मानना है कि गर्मी की वजह से लोड बढ़ रहा है। रात के समय एसी, कूलर व अन्य बिजली के उपकरण ज्यादा मात्रा में चलते हैं जिससे लोड बढ़ जाता है।



रात के समय सब लोग घरों में होते हैं। लोग एसी, कूलर व बिजली के अन्य उपकरण इस्तेमाल करते हैं जिससे रात को लोड अधिक रहता है। लोड बढ़ने पर पावर कट लगाने पड़ते हैं।
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राकेश कुमार, एसडीओ, बिजली निगम
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