चरखी दादरी। ईडी व अन्य सरकारी संस्थाओं के दुरुपयोग के विरोध में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बुधवार को लघु सचिवालय के सामने सत्याग्रह किया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने धरना दिया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन का नेतृत्व वरिष्ठ नेताओं ने संयुक्त रूप से किया।
पूर्व विधायक धर्मपाल सांगवान ने कहा कि पहले उनके नेता राहुल गांधी और अब कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के साथ प्रवर्तन निदेशालय द्वारा की जा रही पूछताछ सिर्फ एक राजनीतिक साजिश है। राजनीतिक दुर्भावना के चलते भारतीय जनता पार्टी की सरकार उनके नेताओं को परेशान कर रही है। सरकार की इन्हीं दुर्भाग्यपूर्ण नीतियों, व्यवहार और रवैया के चलते स्वतंत्र एजेंसियों की साख और विश्वसनीयता घट रही है। कांग्रेसी नेताओं ने कहा कि इस मामले में पहले भी कांग्रेस नेताओं की जांच हो चुकी है। जब जांच में कुछ भी गलत सामने नहीं आया तो 2016 में इस केस को बंद कर दिया गया था। लेकिन द्वेषपूर्ण राजनीति और असली मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए एक बार फिर नेशनल हेराल्ड मामले को खोला गया है जबकि इस मामले में न किसी तरह की मनी लॉन्ड्रिंग हुई और न ही गांधी परिवार ने किसी तरह का मुनाफा कमाया। ऐसे में यह ईडी का मामला बनता ही नहीं है। स्पष्ट है कि सरकार विरोधी दलों को कुचलने के लिए उनके खिलाफ ईडी और सीबीआई जैसी एजेंसियों को इस्तेमाल कर रही है।
- ये रहे मौजूद
इस मौके पर अनिल धनखड़, धर्मेंद्र सांगवान, राजू मान, अमन डालवास, नितिन जांघू, जोरावर सांगवान, लीला समसपुर, सुनील सांगवान, सतवीर फौगाट, करतार, प्रीतम, जोगिंद्र सिंह, डॉ. ओमप्रकाश, सोमेश सांगवान, सतवीर ठेकेदार, अमन असावरी, सूरज फौगाट, विकास कुमार , वरुण जांगड़ा आदि मौजूद रहे।