कादमा। मुख्यमंत्री उड़नदस्ते की अगुवाई में गठित संयुक्त टीम ने कादमा स्थित एक मिष्ठान भंडार पर दबिश दी। इस दौरान यहां लोहे के चार टीन में रखे रसगुल्ले खराब पाए गए। जिन्हें टीम ने नष्ट करवा दिया। इसके अलावा खाद्य सुरक्षा विभाग की ओर से यहां से मिठाइयों और अन्य खाद्य सामग्री के सैंपल लिए गए। जांच के दौरान यहां बिजली निगम की टीम को कोई अनियमितता नहीं मिली जबकि प्रदूषण नियंत्रक बोर्ड की ओर से संचालक को नोटिस दिया गया।
दोपहर करीब सवा 12 बजे मुख्यमंत्री उड़नदस्ते की अगुवाई में गुप्तचर विभाग, प्रदूषण नियंत्रक बोर्ड, खाद्य सुरक्षा विभाग और बिजली निगम की संयुक्त टीम कादमा स्थित शिव मिष्ठान भंडार पर पहुंची। टीम को यहां संचालक हाजिर मिला। जांच के दौरान यहां 20 किलो पनीर, 130 किलो खोवा, 100 किलो गुलाब जामुन, 660 किलो रसगुल्ला, 425 किलो चमचम तैयार मिली। इसके अलावा यहां 500 लीटर दूध मिला। जांच के दौरान टीम को लोहे के चार टीन में रखे रसगुल्ले खराब मिले, जिन्हें नष्ट कराया गया।
बिजली निगम की टीम ने जांच की तो सामने आया कि मिष्ठान भंडार संचालक ने 49.5 किलोवाट का लोड लिया हुआ है जबकि जांच में 36.26 किलोवाट लोड यहां पाया गया। निगम की जांच में कोई अनियमितता नहीं पाई गई जबकि एनओसी न होने पर प्रदूषण विभाग की ओर से संचालक को नोटिस दिया गया। शाम करीब 5 बजे टीम कार्रवाई कर लौटी गई। इसके बाद टीम द्वारा श्री श्याम डेरी अचीना पहुंची जहां पर 400 किलोग्राम पनीर मिला। जिसके दौ सैँपल लेकर जांच के लिए लैब में भेज दिए गए।
- टीम में ये रहे शामिल
कार्रवाई करने पहुंची टीम में खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. दीपक चौधरी, प्रदूषण नियंत्रक बोर्ड से नवनीत भारद्वाज, बिजली निगम से सतबीर जेई और गुप्तचर विभाग प्रभारी इंस्पेक्टर जलधीर कलकल समेत अन्य कर्मचारी संयुक्त टीम में शामिल रहे।