चरखी दादरी। 76 वर्षीय सुरेंद्र सिंह डबास और 74 वर्षीय संतरा देवी ने साबित कर दिया कि उम्र केवल एक नंबर है। चेन्नई में आयोजित एशिया चैंपियनशिप में दोनों ने अपने अद्भुत प्रदर्शन से स्वर्ण और कांस्य पदक जीतकर देश-प्रदेश और चरखी दादरी का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोशन किया। उनकी मेहनत, लगन और जुनून ने दिखा दिया कि सही दृष्टिकोण और हिम्मत से किसी भी उम्र में बड़ी उपलब्धियां हासिल की जा सकती हैं।
दादरी शहर के वार्ड 16 निवासी सुरेंद्र सिंह ने बताया कि 5 से 9 नवंबर तक चेन्नई में आयोजित 23वीं चैंपियनशिप में एशिया के लगभग 22 देशों के खिलाड़ी शामिल हुए। 70 प्लस आयु वर्ग में संतरा देवी ने 200 मीटर बाधा दौड़ को 56 सेकंड में पूरा कर कांस्य पदक हासिल किया और ट्रिपल जंप में छठा स्थान प्राप्त किया। संतरा देवी रिटायर्ड मुख्य अध्यापिका हैं और उन्होंने अब तक राष्ट्रीय स्तर की कई प्रतियोगिताओं में दर्जनों पदक जीते हैं।
सुरेंद्र सिंह डबास ने 75 वर्ष आयु वर्ग के पोल वॉल्ट गेम्स में स्वर्ण पदक जीता और हाई जंप में चौथा स्थान प्राप्त किया। संतरा देवी ने साल 2007 से लगातार बाधा दौड़ में पदक जीतने का रिकॉर्ड कायम रखा है। इस अद्भुत उपलब्धि पर क्षेत्र के खेल प्रेमियों में खुशी का माहौल है। कुलदीप श्योराण, कप्तान दयानंद, ओमप्रकाश वकील, मास्टर हरज्ञान, मास्टर नरेश, राजेंद्र सिंह, छत्तर सिंह, शकुंतला, राजेश पूर्व सरपंच, महेंद्र सिंह ने दंपती को बधाई दी।