चरखी दादरी। गांव छपार में शुक्रवार को विधायक सुनील सांगवान ने फसल खरीद केंद्र का शिलान्यास किया। चार एकड़ में बनने वाले इस केंद्र के निर्माण पर 2 करोड़ 55 लाख, 89 हजार रुपये की लागत आएगी।
शिलान्यास के बाद ग्रामीणों को संबाेधित करते हुए विधायक ने कहा कि क्षेत्र में खरीद केंद्र बनने से किसानों को अपना उत्पाद बेचने के लिए दूर शहर में नहीं जाना पड़ेगा। खरीद केंद्र इसी साल बन जाएगा और अगले साल रबी फसलों की खरीद यहां पर होने लगेगी।
हालांकि छपार पहले भी फसल खरीद केंद्र रहा है। परंतु यहां पर सिर्फ रबी सीजन की ही फसलें खरीदी जाती रही हैं। इसके बनने के बाद खरीफ सीजन की फसलों की भी यहां पर बिक्री हो सकेगी। इससे पहले यहां पर सिर्फ गेहूं की खरीद होती थी। जिले में बाजरा के तीन ही खरीद केंद्र हैं। इनमें चरखी दादरी, झोझू कलां और बाढड़ा हैं। इसके बनने के बाद यहां पर 4 बाजरा खरीद केंद्र हो जाएंगे।
मार्केटिंग बोर्ड की ओर से बनवाए जा रहे खरीद केंद्र में सड़क, पेयजल आदि की व्यवस्था मुहैया करवाईं जाएंगी। खरीद केंद्र के शिलान्यास के बाद विधायक ने मौके पर पहुंचे लोगों की समस्याएं सुनीं और उपस्थित अधिकारियों को जल्द समाधान करवाने के निर्देश भी दिए।
उन्होंने कहा कि सरकार विकास कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के लिए प्रयासरत है। पार्षद से लेकर विधायक और केंद्रीय मंत्री से लेकर मुख्यमंत्री तक सभी जनप्रतिनिधि तालमेल के साथ कार्य कर रहे हैं, जिनका फायदा आमजन को मिल रहा है।
विकास कार्यों को लेकर हरियाणा सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाओं का लाभ सीधे रूप से आमजन को मिल रहा है। इस अवसर पर मार्केट कमेटी के एक्सईएन अजय राठी, सचिव विजय कुमार, एसडीओ प्रदीप देशवाल के अलावा आसपास के गांवों के सरपंच भी मौजूद रहे।
शुक्रवार को 1200-1200 क्विंटल बाजरा और कपास की आवक
मार्केटिंग बोर्ड के सचिव विजय कुमार के अनुसार शुक्रवार को चरखी दादरी अनाज मंडी में 1200-1200 क्विंटल बाजरा और कपास की आवक हुई। अधिकारी के अनुसार अभी बाजरा और कपास की खरीद व्यापारियों द्वारा ही की जा रही है। बाजरा की सरकारी खरीद एक अक्तूबर से शुरू होगी। एमएसपी से कम पर बाजरा खरीदे जाने पर भावांतर योजना के तहत भरपाई होगी।
फोटो 15: गांव छपार में खरीद केंद्र का शिलान्यास करते विधायक सुनील सांगवान। स्रोत : जागरूक पाठक
फोटो 16 : चरखी दादरी अनाजमंडी में बाजरा फसल की आवक। संवाद