कोविशील्ड वैक्सीन के पहले तीन चरण सफल रहने के बाद जिला स्वास्थ्य विभाग ने मेगा राउंड की तैयारी कर ली है। शुक्रवार को मैगा राउंड होगा और इसके लिए आठ केंद्रों पर वैक्सीनेटर टीमें बैठेंगी। अब तक जिले में अधिकतम दो ही केंद्रों पर टीकाकरण हुआ है। मेगा टीकाकरण राउंड में 750 से अधिक स्वास्थ्यकर्मियों के कवर होने की उम्मीद है। स्वास्थ्य विभाग इसकी तैयारियों में जुट गया है। बुधवार व वीरवार को टीकाकरण नहीं किया जाएगा।
जिले में सरकारी और निजी अस्पतालों के 2739 कर्मचारियों को कोविशील्ड की डोज दी जानी है। इसके लिए वैक्सीन की 3600 बाइल जिला स्वास्थ्य विभाग के पास पहुंची थी। शनिवार से कोरोना टीकाकरण की शुरुआत की गई। चार दिन में स्वास्थ्य विभाग तीन सेशन कर 463 स्वास्थ्यकर्मियों को कवर कर चुका है। पहले चरण में स्वास्थ्य विभाग ने 181 कर्मचारियों का टीकाकरण किया था, जबकि दूसरे चरण में 50 और तीसरे चरण में 222 स्वास्थ्यकर्मियों को कोविशील्ड वैक्सीन की पहली डोज दी गई है। अब मैगा राउंड में जिला स्वास्थ्य विभाग को 50 फीसदी टारगेट हासिल करने का अनुमान है। इसके लिए वैक्सीन प्वाइंटों की संख्या चार गुना बढ़ा दी गई है। खास बात ये है कि मैगा राउंड के लिए शहर के मातृ-शिशु अस्पताल में भी टीकाकरण केंद्र बनाया गया है। शुक्रवार सुबह मैगा राउंड की शुरुआत कर दी जाएगी और उसी दिन वैक्सीन की बाइल टीकाकरण केंद्रों पर पहुंचाई जाएंगी।
मेगा राउंड में यहां होगी टीकाकरण
शुक्रवार को होने वाले मेगा राउंड के लिए सरदार झाडू सिंह चौक समीप स्थित मातृ-शिशु अस्पताल, गोपी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, झोझूकलां सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, अचीना प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, रानीला प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, हड़ौदी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, छपार प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, माई कलां प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर टीकाकरण केंद्र बनाये गए हैं।
250 निजी अस्पताल के कर्मचारियों का होगा अलग से सेशन
जिले में निजी अस्पताल के कर्मचारियों की संख्या करीब 250 है। अब तक निजी अस्पताल के कर्मचारियों को वैक्सीन देने की शुरुआत नहीं हुई है। जिला स्वास्थ्य विभाग एक दिन स्पेशल सेशन लगाकर निजी अस्पताल के सभी कर्मचारियों को कवर करने की तैयारी में है। सूत्रों के अनुसार इसके लिए शहर के किसी निजी अस्पताल में टीकाकरण केंद्र बनाया जाएगा।
आज सिविल अस्पताल में बच्चों को लगेंगे सामान्य टीके
हर वीरवार को सिविल अस्पताल में छोटे बच्चों को सामान्य टीके लगाए जाते हैं। कोरोना वैक्सीनेशन के चलते इस बार टीकाकरण प्रभावित नहीं होगा। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग ने कोरोना वैक्सीनेशन वीरवार को भी बंद रखने का निर्णय लिया है। ऐसे में अभिभावक अपने बच्चों के टीकाकरण के लिए आज सिविल अस्पताल आ सकते हैं।
कोरोना योद्धा बोले - 100 घंटे से अधिक समय बीतने पर भी वैक्सीन के नहीं हुए साइड इफैक्ट
मैंने दादरी सिविल अस्पताल में कोविशील्ड वैक्सीन का पहला टीका लगवाया था। 100 घंटे से अधिक समय बीतने पर भी मुझे वैक्सीन के चलते कोई दिक्कत नहीं हुई है। वैक्सीन पूरी तरह सुरक्षित है।
मुकेश देवी, चतुर्थ श्रेणी महिला कर्मचारी
स्वास्थ्यकर्मियों में वैक्सीनेशन को लेकर उत्साह है। मैंने 16 जनवरी को जिले में दूसरे नंबर पर वैक्सीन की पहली डोज लगवाई थी। मुझे 100 घंटे से अधिक समय बीतने पर भी कोई शारीरिक परेशानी नहीं हुई है।
आशीष मान, वैक्सीनेशन नोडल अधिकारी
कोरोना वैक्सीन पूरी तरह सुरक्षित है। मैंने शनिवार को वैक्सीनेशन करवाया था। मुझे किसी प्रकार की कोई दिक्कत नहीं हुई है। वैक्सीनेशन के कोई साइड इफेक्ट नहीं हैं और मन में कोई भी भ्रम न रखें।
संजय, डीपीएम
मैंने पांचवे नंबर पर शनिवार को कोरोना वैक्सीन की पहली डोज लगवाई थी। इसका कोई साइड इफेक्ट नहीं है। वैक्सीनेशन के बाद मैं बेहद अच्छा अनुभव कर रहा हूं, जबकि पहले मन में थोड़ा भ्रम था, जो अब दूर हो गया।
जयसिंह, सुपरवाइजर
कोरोना मैगा राउंड की तैयारियां हमने शुरू कर दी है। शुक्रवार को आठ केंद्रों पर स्वास्थ्यकर्मियों का टीकाकरण किया जाएगा। अभी हमारे पास पर्याप्त वैक्सीन है और मैगा राउंड में 700 से 750 कर्मचारियों को हम कवर करेंगेद्घ
डॉ. सुदर्शन पंवार, सीएमओ