चरखी दादरी बस के दस्तावेज की जांच करते पुलिस अधिकारी।
चरखी दादरी। कनीना बस हादसे से जिले के निजी स्कूल संचालक अब भी सबक नहीं ले रहे हैं। लगातार दूसरे दिन उनके सुरक्षा नियमों को ताक पर रखकर स्कूली वाहनों को सड़कों पर दौड़ाने की लापरवाही पकड़ में आई। पुलिस और आरटीए टीम ने सुबह और दोपहर 73 स्कूली वाहन जांचे, जिनमें से 35 में नियमों की अनदेखी मिली। 30 वाहनों के चालान कर पांच वाहनों को जब्त किया गया। शुक्रवार को भी 12 स्कूली वाहनों पर कार्रवाई हुई थी।
कनीना में वीरवार को हुए स्कूल बस हादसे के बाद प्राइवेट स्कूल संचालक की लापरवाही उजागर हुई थी। ऐसी घटना रोकने के लिए शनिवार सुबह और दोपहर के समय आरटीए टीम समेत, शहर थाना पुलिस, यातायात पुलिस और झोझूकलां थाना पुलिस टीमों ने चेकिंग अभियान चलाया।
शहर थाना प्रभारी रमेश कुमार की अगुवाई में सिटी थाना पुलिस टीम ने शहर से गुजरी तीन स्कूली बसों को चेक किया और इनमें से एक का चालान किया गया। ट्रैफिक थाना पुलिस टीम ने भी तीन स्कूली वाहन जांचे और एक का चालान किया। झोझूकलां थाने की एसएचओ हवा कौर के निर्देशानुसार टीमों ने 35 स्कूली वाहनों की जांच की। इनमें से 16 के चालान किए गए जबकि एक को जब्त किया गया। पुलिस टीमों ने 41 वाहनों की जांच कर 18 के चालान और एक को जब्त किया। वहीं, आरटीए टीम ने सह सचिव बलबीर सिंह की अगुवाई में ग्रामीण क्षेत्रों में जाकर 32 बसों की जांच की। इनमें से चार वाहनों को जब्त किया गया 12 के चालान किए। 1.35 लाख रुपये जुर्माना लगाया गया।
सुरक्षा और अन्य नियमों पर खरा न उतरने के चलते टीम ने 12 स्कूली वाहनों के चालान किए जबकि चार को जब्त किया गया। इन वाहनों पर 1.35 लाख रुपये जुर्माना किया गया। - बलबीर सिंह, सह सचिव, आरटीए विभाग।