स्वच्छ भारत मिशन के तहत घर में बनाया गया शौचालय दिखाता व्यक्ति। संवाद
कादमा। स्वच्छ भारत मिशन के तहत घरों में शौचालय बनवाने वाले 69 परिवारों को अब तक आर्थिक मदद नहीं मिली है। करीब 12 हजार रुपये की राशि न मिलने से ये परिवार परेशान हैं। उनका कहना है कि इसके लिए वो विभागीय अधिकारियों के कार्यालयों के चक्कर लगा चुके हैं, लेकिन आश्वासन के सिवाय और कुछ नहीं मिला।
ग्रामीण रमेश गुप्ता, जयभगवान शर्मा, संदीप कुमार, योगेश कुमार, विजेंद्र कुमार आदि ने बताया कि योजना के तहत बताया गया था कि 12 हजार की आर्थिक मदद उन्हें अलग-अलग किश्तों में दी जाएगी और इसके लिए शौचालय का निर्माण करवाने के साथ दस्तावेज बीडीपीओ कार्यालय में जमा करवाने होंगे। ग्रामीणों ने बताया कि वो ये प्रक्रिया पूरी कर चुके हैं, लेकिन चार साल बीतने के बाद भी उन्हें राशि जारी नहीं की गई है।
जयभगवान शर्मा ने बताया कि वह बार-बार बीडीपीओ कार्यालय के चक्कर लगा चुका है, लेकिन कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिल रहा। उसका कहना है कि आसपास के सभी गांवों के ग्रामीणों को शौचालय की राशि मिल चुकी है लेकिन गांव कादमा में ग्रामीणों को यह राशि अब तक नहीं मिली है।
- राशि उधार लेकर बनवाए थे शौचालय
ग्रामीणों का कहना है कि सरकार से मदद मिलने की उम्मीद पर उन्होंने शौचालयों का निर्माण परिचितों से रुपये उधार लेकर कराया था। उस दौरान सोचा था कि खाते में राशि आते ही उधारी चुकता कर देंगे, लेकिन अब तक उन्हें शौचालय निर्माण की राशि प्राप्त नहीं हुई है। सांसद धर्मबीर सिंह को भी वो ज्ञापन सौंप चुके हैं।