चरखी दादरी। जिले को हरा-भरा बनाने के लिए वन विभाग आगामी मानसून की तैयारियों में जुट गया है। विभाग ने इस बार पिछले साल की अपेक्षा 20 प्रतिशत अधिक पौधे तैयार करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। जिले की 7 नर्सरियों में 35 से अधिक प्रजातियों के 4.93 लाख पौधे तैयार किए जा रहे हैं।
वन विभाग के अधिकारियों का कहना है अधिकतर पौधे लंबी आयु व छायादार होंगे। विभाग ने इनके लिए सभी दस्तावेज पूरे कर बीज रोपित करने का कार्य शुरू कर दिया है। जल्द ही सभी नर्सरियों में पौधे तैयार कर लिए जाएंगे। मानसून की पहली बारिश के तुरंत बाद पौधरोपण शुरू होगा।
पिछले साल जहां तीन लाख पौध तैयार किए गए थे, वहीं, इस बार अधिक मांग को देखते हुए 4.93 लाख पौधे तैयार किए जाएंगे। विभाग ने पौधे तैयार करने के लिए जिले में सात नर्सरियां चिह्नित कर ली हैं। दादरी खंड के लिए 91,873 टीपी टॉल प्लांट और 1,80,288 पीबी पोलीबैग तैयार होंगे। बाढड़ा खंड के लिए 63,345 टीपी और 1,57,884 पीबी तैयार करवाए जाएंगे।
- पिंजौर और हिसार से मंगवाए बीज
आगामी मानसून सीजन में पौधरोपण करने के लिए वन विभाग ने सरकारी संस्था सीड डिविजन से बीज मंगवाए हैं। बीज पिंजौर और हिसार से मंगवाए गए हैं। विभाग ने सभी नर्सरियों में बीजरोपण कार्य शुरू कर दिया है। जून तक पौधे तैयार हो जाएंगे।
- इन पौधों को मिलेगी अधिक प्राथमिकता
वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि हमारी प्राथमिकता अधिक छायादार व लंबी आयु के पौधे लगाने पर रहेगी। उन्होंने बताया कि नीम, पीपल, बरगद, लेहसूवा, पिलखम, जामुन, बेरी आदि जैसे पौधे लंबी आयु के साथ छायादार होते हैं। जो पर्यावरण संरक्षण में भी मददगार साबित होते हैं।
- इन नर्सरियों में तैयार होंगे पौधे
विभाग की ओर से जिले के दोनों दादरी और बाढड़ा खंड की नर्सरियों में पौधे तैयार किए जाएंगे। बरसाना, झोझूकलां, रामनगर, कमोद, बिंद्रावन, बडेसरा व बाढड़ा में नर्सरियां बनाई गई हैं। दादरी खंड के लिए 2,72,125 और बाढड़ा खंड के लिए 2,21,229 पौधे तैयार कर जिले को हरा-भरा बनाया जाएगा।
हमारा लक्ष्य जिले को हरा-भरा बनाने के साथ ही बढ़ते प्रदूषण को भी कम करना है। इस बार 60 प्रतिशत पौधे छायादार व लंबी आयु के लगाने का लक्ष्य है। ताकि, गर्मी के मौसम में लोग इनके नीचे बैठकर आराम कर सकें।
-पवन ग्रोवर, जिला वन मंडल अधिकारी