ओलावृष्टि से सरसों की फसल में 50 से 75 प्रतिशत तक नुकसान की आशंका
संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। जिले में ओलावृष्टि के बाद रविवार को कृषि विभाग के 20 एडीओ, बीएओ की टीम ने गांवाें में जाकर खेतों में नुकसान का आकलन किया। टीमें मंगलवार तक रिपोर्ट तैयार करेंगी। ये रिपोर्ट सरकार को भेजी जाएंगी। ओलावृष्टि से सरसों की फसल में 50 से 75 प्रतिशत तक नुकसान होने की आशंका है। सब्जी की खेती में भी काफी नुकसान हुआ है। करीब 15 गांवों में ओलावृष्टि से करीब छह हजार एकड़ में फसल को नुकसान पहुंचने का आकलन है। सरसों और गेहूं की अगेती फसल समेत सब्जियों पर ओलावृष्टि की मार अधिक रही। वहीं, किसान व किसान संगठनों ने प्रशासन से स्पेशल गिरदावरी करवाकर नुकसान की भरपाई कराने की मांग की है।
जिले में 55 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में सरसों व करीब 45 हजार हेक्टेयर में गेहूं की फसल खड़ी है। हालांकि, बारिश से रबी की सभी फसल में फायदा पहुंचा है। ओलावृष्टि से प्रभावित भागों में ही नुकसान है। बारिश से किसानों का पांच करोड़ बचा है। गेहूं व सरसों की फसल की सिंचाई के एवज में हजारों लीटर डीजल की भी बचत हुई है। जिले में 67 हजार किसान हैं। कृषि योग्य कुल रकबा एक लाख 58 हजार 362 हेक्टेयर है।
रविवार को कृषि विभाग की 20 सदस्यीय टीम गांवाें में पहुंची और नुकसान का आकलन शुरू किया। विभाग के अधिकारियों के अनुसार, मंगलवार तक नुकसान की रिपोर्ट तैयार कर ली जाएगी। विभाग के अधिकारी प्रारंभिक तौर पर सरसों में 50 से 75 प्रतिशत तक नुकसान मान रहे हैं। वास्तविक स्थिति का पता तो फील्ड के सर्वे के बाद ही पता चल सकेगा।
वीरवार रात से लेकर शुक्रवार शाम तक जिले में रुक-रुक कर बारिश हुई। इसके बाद शुक्रवार रात तेज हवा के साथ बारिश हुई। करीब पंद्रह गांवों में ओले भी गिरे। इससे दो हजार से अधिक किसानों के अरमानों पर पानी फिर गया। खासकर सरसों व गेहूं की फसल पर मार ज्यादा पड़ी। इतना ही तेज हवा के साथ हुई बारिश से सड़क किनारे खड़े पेड़ भी गिर गए।
इन गांवों में है नुकसान
गांव समसपुर, मौड़ी, मकड़ानी, मिसरी, छिल्लर, दूधवा, चांगरोड़, मंदोला, रानीला, बौंद कलां, शहर दादरी, रामनगर, मानकावास, दातौली, दूधवा व डाढ़ी बाना में पांच से 15 मिनट तक ओले बरसे। गांव मकड़ानी में लगभग एक हजार एकड़ में सरसों प्रभावित है। गांव छिल्लर में 800 एकड़ रकबा ओलों की मार से प्रभावित हुआ है। गांव डाढ़ी बाना में 17,00 एकड़ में खड़ी फसल प्रभावित है।
वर्सन:
ओलावृष्टि के बाद विभाग की टीमें खेतों में जाकर नुकसान का आकलन करने में जुटी हैं। मंगलवार तक नुकसान की रिपोर्ट तैयार कर ली जाएगी। 20 कर्मचारी इस काम में जुटे हैं। प्रारंभिक आकलन में सरसों व सब्जी की खेती में 50 से 75 प्रतिशत के बीच नुकसान है।
-एसडीओ कृष्ण कुमार,
कृषि विभाग
फाइल फोटो: 13
गांव छिल्लर में ओलों की मार से खराब सरसों की फसल। स्रोत : संवाद