-साइबर क्राइम पुलिस की कार्रवाई, झूठे आर्मी आईडी कार्ड और फर्जी भुगतान से की गई थी ठगी
डिजिटल सेवाओं का जानकार है आरोप
माई सिटी रिपोर्टर
चरखी दादरी। साइबर क्राइम थाना पुलिस ने डेयरी उत्पादों की आपूर्ति के नाम पर 1 लाख 90 हजार रुपये की ऑनलाइन ठगी करने के दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने दोनों आरोपियों अर्पित झा, निवासी आरएचबी कॉलोनी, भिवाड़ी (राजस्थान) और साथी पुष्पेंद्र निवासी गांव अकेड़ा (रेवाड़ी) को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लिया है।
पुलिस प्रवक्ता योगेश कुमार ने बताया कि गांव गुडाना निवासी अंकित कुमार ने 25 सितंबर को शिकायत दी थी कि उसे 22 सितंबर को किसी अनजान नंबर से काल आई। कॉलर ने खुद को आर्मी से बताते हुए भिवानी स्थित एनसीसी कैंप के लिए दूध, दही और पनीर की आपूर्ति की बात कही।
आरोपी ने व्हाट्स एप पर आर्मी का फर्जी आईडी कार्ड, सामान की सूची और कॉलेज का पता भेजा। 23 सितंबर को अंकित ने बताए गए पते पर सामान भेज दिया। इसके बाद आरोपी ने वीडियो कॉल के माध्यम से पेमेंट का झांसा देकर फोनपे एप में क्रेडिट कार्ड के जरिये 1,85,769 और अतिरिक्त 5,000 रुपये ट्रांसफर करवा लिए। जब अंकित ने सामान लेकर गए लड़कों से संपर्क किया तो पता चला कि कॉलेज गेट पर कोई रिसीवर मौजूद नहीं था।
पुलिस ने जांच के दौरान पता किया कि ठगी की रकम कोटक महिंद्रा बैंक के क्रेडिट कार्ड धारक अर्पित झा, निवासी आरएचबी कॉलोनी, भिवाड़ी (राजस्थान) के खाते में ट्रांसफर हुई है। इस पर पुलिस ने आरोपी अर्पित को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के बाद पुलिस ने अर्पित के दोस्त पुष्पेंद्र को भी गिरफ्तार किया है।
पिता के साथ काम करता था मनी ट्रांसफर और डिजिटल सेवाओं का
गिरफ्तार आरोपी अर्पित ने पुलिस को पूछताछ में बताया कि वह अपने पिता के साथ जानकी डिजिटल सेवा नामक दुकान में मनी ट्रांसफर और डिजिटल सेवाओं का काम करता है। लगभग 6-7 माह पहले उसकी और उसके साथी पुष्पेंद्र निवासी अकेड़ा जिला रेवाड़ी की मुलाकात तावड़ू निवासी युवक से हुई जो हिंदगो पे का रिटेलर है। उक्त युवक से उन्हें पता चला कि बैंक खातों में साइबर फ्रॉड की राशि ट्रांसफर करने पर वे फ्रीज हो जाते हैं। इस पर क्रेडिट कार्ड और वॉलेट्स के माध्यम से रकम डालना अधिक सुरक्षित है। आरोपी ने अपने कोटक महिंद्रा बैंक के क्रेडिट कार्ड की जानकारी तावड़ू निवासी युवक को दी । 23 सितंबर को आरोपी के क्रेडिट कार्ड में कुल 5,57,769 ट्रांसफर हुए थे।