दादरी नागरिक अस्पताल में खड़ी एंबुलेंस।
चरखी दादरी। जिले में स्वास्थ्य विभाग के पास चालकों और इमरजेंसी मेडिकल टेक्निशियन (ईएमटी) की कमी है। फिलहाल चालकों के 16 और ईएमटी के 22 पद खाली हैं। लंबा समय बीतने के बाद भी दोनों पदों पर तैनाती नहीं हो सकी है। इसका असर स्वास्थ्य सेवाओं पर पड़ रहा है।
जिला स्वास्थ्य विभाग के पास 19 एंबुलेंस उपलब्ध हैं। ऐसे में विभाग के पास नियमानुसार 59 चालक होने चाहिए, जबकि 43 चालक उपलब्ध हैं। फिलहाल, चालकों के 16 पद खाली हैं। जिले में ईएमटी के 39 पद सृजित हैं जबकि तैनात 17 ही हैं। ईएमटी के 22 पद खाली हैं। ईएमटी की कमी के कारण कई बार मरीजों को एंबुलेंस में अकेले पीजीआई या अन्य जिला अस्पतालों में रेफर किया जाता है। विभागीय मौजूदा ईएमटी से ही जैसे-तैसे व्यवस्था बनाने का प्रयास किया जा रहा है जोकि नाकाफी है। एंबुलेंस सेवा के नोडल अधिकारी डॉ. अंकुर का कहना है कि ईएमटी और चालकों की कमी जल्द दूर करवाई जाएगी। इसके लिए वे लगातार प्रयासरत हैं।
फील्ड वर्क के लिए भी चाहिए 14 गाड़ियां : फील्ड वर्क के लिए विभाग के पास फिलहाल एक भी गाड़ी उपलब्ध नहीं है। ब्लड लाने और अन्य कामों के लिए रोजाना विभाग को एक गाड़ी भिवानी या दूसरे जिलों में भेजनी पड़ती है। स्वास्थ्य केंद्रों के निरीक्षण समेत अन्य कामों के लिए भी विभाग को गाड़ी की जरूरत पड़ती है। विभाग को 14 गाड़ियों की जरूरत है लेकिन, कई बार मांग भेजने के बाद भी जिला स्वास्थ्य विभाग को गाड़ियां नहीं मिल सकीं।
सिविल अस्पताल समेत मातृ-शिशु अस्पताल, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर नई गाड़ियों की दरकार है।