गांव भैरवी स्थित राजकीय पीजी महाविद्यालय।
चरखी दादरी। पिछले करीब दो माह से दाखिला प्रक्रिया जारी है और बावजूद इसके जिले के महाविद्यालयों में बीए, बीकॉम और बीएएसी की सीटें खाली पड़ी हैं। दादरी राजकीय पीजी महाविद्यालय की स्थिति भी इससे जुदा नहीं है। यहां फिलहाल बीए प्रथम वर्ष की 125 तो बीकॉम की 64 सीटें खाली हैं।
वहीं, शिक्षाविदों का कहना है कि अधिकतर विद्यार्थी 12वीं कक्षा के बाद कोचिंग और व्यावसायिक शिक्षा का रुख कर रहे हैं। इसके चलते महाविद्यालयों में दाखिला संख्या कम होती जा रही है। उन्होंने कहा कि इस साल दाखिला प्रक्रिया पिछले साल के मुकाबले काफी धीमी है। हालांकि फिर भी प्रयास है कि महाविद्यालय की खाली सीटों को जल्द से जल्द भरा जाए।
बता दें कि दादरी राजकीय पीजी कॉलेज गांव भैरवी स्थित किसान मॉडल स्कूल में चल रहा है। दाखिला की अंतिम तिथि गुजर जाने के बाद भी बीए प्रथम की 125 सीटें खाली पड़ी हैं जबकि बीकॉम प्रथम वर्ष में महज 16 ही दाखिले हो पाए हैं। शिक्षण संस्थाओं में लगातार कम होती विद्यार्थियों की संख्या चिंता का विषय है। अंतिम तिथि जाने के बाद भी दादरी राजकीय पीजी कॉलेज में बीए प्रथम की निर्धारित 240 सीटों में केवल 115 पर ही दाखिले हो पाए हैं। यहां बीकॉम की 80 सीटें निर्धारित हैं।
अधिकतर विद्यार्थी 12वीं पासआउट के बाद कोचिंग व व्यावसायिक कोर्स का रुख करते हैं। वहीं, विद्यार्थी महाविद्यालयों की अपेक्षा विश्वविद्यालय में दाखिला लेने को प्राथमिकता दे रहे हैं।
-डॉ. श्वेता सुहाग, प्रभारी, दादरी राजकीय पीजी महाविद्यालय