चंडीगढ़। सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने लोकसभा में राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूरे होने पर हुई चर्चा के दौरान कहा कि भाजपा वंदे मातरम् की भावनाओं का राजनीतिक फायदा उठाने में लगी है और इसे वंदे वोटरम् में बदलने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि वंदे मातरम् देश को जोड़ने वाला गीत है, इसे समाज में फूट डालने या राजनीति चमकाने के साधन के रूप में नहीं इस्तेमाल किया जाना चाहिए।
सांसद ने कहा कि यह गीत स्वतंत्रता संग्राम का महामंत्र रहा है जिसने जाति–धर्म से ऊपर उठकर पूरे देश को एक सूत्र में बांधा। इसका दुरुपयोग किसी तरह की नफरत फैलाने में नहीं होना चाहिए। उन्होंने मांग की कि वंदे मातरम् के रचयिता बकिम चंद्र की प्रतिमा संसद भवन में स्थापित की जाए।
हुड्डा ने कहा कि आजादी के आंदोलन में वंदे मातरम् का नारा जेल की यातनाएं झेलते हुए लगाया जाता था न कि वोट मांगने के लिए। उन्होंने कहा कि देश की आजादी और आजाद भारत के निर्माण में सभी का योगदान रहा है और भारत मां सबकी है, सबकी रहेगी। सांसद ने अपील की कि राष्ट्रवाद को वोट–वाद में बदलने की राजनीति बंद होनी चाहिए और वंदे मातरम् की पवित्र भावना को देश की एकता व सम्मान के प्रतीक के रूप में ही बनाए रखा जाए।