केएमपी के दोनों ओर 5 नए शहर बसाने की योजना पर हो रहा काम
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा में कुंडली-मानेसर-पलवल (केएमपी) एक्सप्रेसवे को सिंगापुर मॉडल पर विकसित करने की बड़ी योजना तैयार की गई है। करीब 135 किलोमीटर लंबे इस एक्सप्रेसवे को आधुनिक सुविधाओं से लैस कर औद्योगिक और शहरी विकास का केंद्र बनाया जाएगा। साथ ही यह विकसित भारत-2047 का गेटवे भी बनेगा।
उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राव नरबीर सिंह ने बताया कि वर्ष 2031 की जनसंख्या को ध्यान में रखते हुए केएमपी के दोनों ओर 5 नए शहर बसाने की योजना बनाई गई है। इसके लिए पंचग्राम विकास प्राधिकरण का गठन किया गया है। ये शहर आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर, बेहतर कनेक्टिविटी और उद्योगों के अनुकूल माहौल के साथ विकसित किए जाएंगे।
मंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में बढ़ते दबाव को कम करने में भी यह परियोजना मददगार होगी। केएमपी एक्सप्रेसवे के आसपास विकसित होने वाले ये नए शहर दिल्ली का विकल्प बनेंगे और रोजगार के नए अवसर पैदा करेंगे। हरियाणा राज्य औद्योगिक एवं आधारभूत संरचना विकास निगम (एचएसआईआईडीसी) को निर्देश दिए गए हैं कि उद्योगपतियों को बेहतर सुविधाएं और तेज सेवाएं उपलब्ध कराई जाएं। साथ ही 5 नए औद्योगिक मॉडल टाउनशिप (आईएमटी) को मंजूरी मिल चुकी है जिनमें से 3 एनसीआर में केएमपी के आसपास विकसित होंगी।