चंडीगढ़। हरियाणा विधानसभा के मानसून सत्र में लोकल कमेटी-लोकल ऑपरेटर का मामला उठेगा। एलसीएलओ-सीपीएलओ कर्मचारी यूनियन हरियाणा (सीटू ) के शिष्टमंडल ने बुधवार को पूर्व मुख्यमंत्री हुड्डा से मुलाकात की।
शिष्टमंडल ने पूर्व मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा और बताया कि सरकार ने सिटीजन रिसोर्स इन्फोर्मेशन डिपार्टमेंट (क्रीड)और परिवार पहचान पत्र अथॉरिटी के तहत करीब सात हजार क्रीड पंचायत लोकल आपरेटर (सीपीएलओ) का चयन किया था। चार हजार एलसीएलओ में से मार्च 2024 में करीब 2700 की लोकल पंचायतों में ज्वाइनिंग हो गई और 1300 की ज्वाइनिंग ही नहीं हुई। लेकिन विधानसभा चुनाव के बाद पद ग्रहण करने वाले 2700 को भी काम नहीं दिया गया। 1300 की तो ज्वाइनिंग ही नहीं हुई। पिछले करीब एक साल से सीपीएलओ पद के लिए चयनित जिनका पदनाम बदलकर एलसीएलओ बनाया को वेतन और मानदेय नहीं मिला। सीपीएलओ को केवल 6000 वेतनमान दिया जा रहा है जोकि न्यूनतम मजदूरी से भी कम है। ब्यूरो