सचिव आठ दिन के प्रशिक्षण पर गईं, सीआईडी ने लिया मामले का ब्योरा
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) की विभागीय परीक्षा में नकल के मामले की अभी आंतरिक जांच शुरू नहीं हो पाई है। सीआईडी ने विभाग से मामले का पूरा ब्योरा लिया है। मामले में पुलिस की मदद लेने और परीक्षा रद्द करने या नए सिरे से परीक्षा कराने को लेकर मुख्यालय को निर्णय लेना है।
एचएसवीपी के मुख्य प्रशासक चंद्र शेखर खरे ने मामले की गंभीरता को देखते हुए पहले ही ब्योरा मांग लिया है। अब परीक्षा के दाैरान जिन अधिकारियों की ड्यूटी थी उनसे जवाब मांगा जाएगा। नकल में अधिकारियों की संलिप्तता मिलने पर सख्त कार्रवाई हो सकती है। सचिव मीनाक्षी आठ दिन के प्रशिक्षण पर बाहर गईं हुई हैं इसलिए मुख्यालय जांच की जिम्मेदारी किसी अन्य अधिकारी को साैंप सकता है।
मालूम हो कि वीरवार को एचएसवीपी की जेई (जूनियर इंजीनियर) से सब डिवीजनल इंजीनियर (एसडीई) के पदों पर पदोन्नति के लिए परीक्षा आयोजित हुई थी। परीक्षा के दाैरान व्हाट्सएप ग्रुपों पर प्रश्नपत्र और सवालों के जवाब वायरल होने का मामला सामने आया था। विभागीय पदोन्नति की परीक्षा में नकल के मामले में सीआईडी ने अपने स्तर से जांच की और विभाग से भी पूरा ब्योरा मांगा है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के आदेश पर ब्योरा तैयार किया गया है। एचएसवीपी की सचिव मीनाक्षी का कहना है कि वह प्रशिक्षण के लिए बाहर गई हुईं हैं इसलिए जांच का जिम्मा किसी दूसरे अधिकारी को साैंपा जा सकता है।