चंडीगढ़। अब गांव-गांव में पहुंचकर कृषि वैज्ञानिक खेती के प्रबंधन और उनकी समस्याओं को हल करने की जानकारी देंगे। केंद्र के वैज्ञानिकों की टीम अब प्रतिदिन विभिन्न गांवों में पहुंचकर किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड, संतुलित पोषण प्रबंधन, धान की सीधी बुवाई, फसल विविधीकरण, ड्रोन तकनीक, प्राकृतिक खेती एवं आईसीटी आधारित समाधानों के बारे में जानकारी बताएंगी।
प्रेस नोट में कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बताया कि यह अभियान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लैब टू लैंड के मंत्र को साकार करने की दिशा में एक ठोस सकारात्मक पहल है। केंद्रीय मंत्री कहा कि भारत के लिए हमारा संकल्प है, विकसित खेती और समृद्ध किसान। कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय एवं भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) की तरफ से आयोजित होने वाले आयोजन की भी जानकारी दी। इसमें देश के 700 से अधिक जिलों में विकसित कृषि संकल्प अभियान का आयोजन 29 मई से 12 जून 2025 तक किया जाएगा। इस अभियान का संचालन यमुनानगर जिले में कृषि विज्ञान केंद्र दामला करेगा। इस दौरान गांव-गांव जाकर किसानों से सीधा संवाद स्थापित करके उन्हें खेती से जुड़ी आधुनिक तकनीकों और सरकारी योजनाओं की भी विस्तार से जानकारी दी जाएगी।